बहराइच। चीन में पांव पसार रहे कोरोना वायरस के भारत में फैलने से रोकने के लिए भारत सरकार के निर्देश पर बहराइच सीमा पर अलर्ट घोषित कर दिया गया है। स्वास्थ्य महकमे की ओर से मेडिकल कॉलेज में 10 बेड का वार्ड स्थापित किया गया है। चिकित्सकों की टीम तैनात की गई है। वहीं नेपाल सीमा पर आने वाले हर यात्री की जांच चिकित्सकों की टीम कर रही है। हालांकि अभी तक एक भी रोगी नहीं मिला है।
चीन के कई शहरों में कोरोना वायरस का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। जिसको देखते हुए भारत सरकार की ओर से नेपाल सीमा से सटे सभी जिलों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। कोरोना वायरस के भारत में फैलने से रोकने के लिए स्वास्थ्य महकमे के साथ ही सीमा पर तैनात एसएसबी व अन्य एजेंसियां भी अलर्ट हो गई हैं। स्वास्थ्य महकमे की ओर से मेडिकल कॉलेज बहराइच में कोरोना वायरस से पीड़ित रोगियों को भर्ती किए जाने के लिए 10 बेड का वार्ड स्थापित किया गया है।
मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉक्टर डीके सिंह ने बताया कि वार्ड में चिकित्सकों की एक टीम लगाई गई है। यह हर मरीज का परीक्षण करते हुए जांच की कार्रवाई करेगी। जिला नेपाल से सटा हुआ है। ऐसे में नेपाल से आने वाले राहगीरों पर विशेष ध्यान रखा जा रहा है। नेपाल से आने वाले लोगों की जांच चिकित्सकों की टीम द्वारा नेपाल सीमा पर ही की जा रही है। बेहतर स्वास्थ्य होने पर ही यात्रियों को गंतव्य की ओर रवाना किया जा रहा है।
सीएमओ डॉ. सुरेश सिंह ने बताया कि नेपाल सीमा पर सीएचसी प्रभारी चरदा डॉ. अर्चित श्रीवास्तव, वार्ड ब्वॉय पवन मल्होत्रा, बीपीएम अबूसलेह, फार्मासिस्ट वीरेंद्र कुमार, सुपरवाइजर सुनील मिश्रा, हरीराम आर्या की अगुवाई में टीम नेपाल सेे आने वाले यात्रियों की निरंतर जांच कर रही है।
हेल्प डेस्क की हुई स्थापना
सीएमओ डॉ. सुरेश सिंह ने बताया कि जिला नेपाल सीमा से सटा हुआ है। ऐसे में चीन से होते हुए कई यात्री नेपाल होकर जिले में प्रवेश कर सकते हैं। इसके लिए रुपईडीहा में हेल्प डेस्क की स्थापना की हुई है। इस डेस्क पर राहगीरों के साथ अन्य को स्वास्थ्य के बारे में जानकारी दी जा सकेगी। साथ कोरोना वायरस पर भी जांच कर जानकारी दी जाएगी।
स्वास्थ्य अधिकारियों ने एसएसबी के साथ की बैठक
रुपईडीहा/अगैया। चीन में फैले कोरोना वायरस को लेकर स्वास्थ्य महकमा तो अलर्ट है ही। इसके साथ ही एसएसबी भी सघन जांच में जुटी हुई है। अगैया स्थित 59वीं वाहिनी सभागार में कोरोना वायरस को लेकर एसएसबी जवान की गोष्ठी आयोजित हुई। कार्यवाहक कमांडेंट अशोक कुमार ओला की अध्यक्षता में आयोजित गोष्ठी में एसएसबी के चिकित्सकों ने कोरोना वायरस के खतरों के बारे में जवानों को जानकारी दी। उसके परीक्षण व जांच के साथ ही लक्षण और बचने के तरीके बताए गए। गोष्ठी में उप कमांडेंट शेखर बजाज, सहायक कमांडेंट सुरेश कुमार आदि मौजूद रहे। उधर रुपईडीहा में स्थित एसएसबी 42वीं परिसर में कमांडेंट प्रवीण कुमार की अध्यक्षता में जागरुकता गोष्ठी अहुई। कमांडेंट ने कहा कि वायरस से बचने के लिए जवान अपने मुंह को ढक कर रखें। चीन से आने वाले हर व्यक्ति की जरूर जांच करायी जाए। उन्होंने बताया कि यह वायरस इंसानों के साथ ही जानवरों के लिए भी काफी खतरनाक है। उधर सीएमओ डॉ. सुरेश सिंह ने भी एसएसबी के जवानों के साथ बैठक की। जिसमें वायरस के बारे में जानकारी दी गई।
वायरस के लक्षण
कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति को सांस लेने में दिक्कत होती है।
सिर व गले में दर्द के साथ ही जुकाम, खांसी और बुखार का बार-बार आने के साथ निमोनिया प्रमुख लक्षण है।
किडनी से जुड़ी कई तरह की दिक्कतों का बढ़ना।
इंसेट
बचाव-
-हाथ साबुन या अल्कोहल युक्त हैडरब से साफ रखें।
- खांसते और छींकते समय नाक और मुंह को कपड़े से ढककर रखें।
- सर्दी या फ्लू के लक्षण दिखने पर किसी के भी संपर्क में आने से बचें।
- जंगल और खेतों में घूमने वाले जानवरों से दूरी बनाकर रखें।