महसी (बहराइच)। घाघरा नदी उफनाने से महसी, कैसरगंज व नानपारा के 65 ग्राम पंचायतें बाढ़ के पानी से घिर गई हैं। उपजिलाधिकारी महसी ने तहसील क्षेत्र के 20 गांवों को खाली कराने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीण सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करने लगे हैं। गुलाबपुरवा गांव टापू बन गया है। बाढ़ से एक लाख की आबादी प्रभावित है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 26 सेंटीमीटर ऊपर है।
जिले में बाढ़ की विभीषिका फिर शुरू हो गई है। एल्गिन ब्रिज पर घाघरा नदी का जलस्तर निरंतर बढ़ रहा है। मंगलवार को नदी एक सेंटीमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से बढ़ते हुए 106.336 मीटर पर पहुंच गई। केंद्रीय जलायोग संस्थान घाघराघाट के मापक एस.एन शुक्ला ने बताया कि नदी खतरे के निशान से 26 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। शाम पांच बजे नदी का जलस्तर स्थिर हो गया लेकिन उफनाई घाघरा का पानी महसी, कैसरगंज व नानपारा तहसीलों की 65 ग्राम पंचायतों में घुस गया है, जिससे लोग परेशान हैं। महसी तहसील में हालात काफी खराब हो गए हैं। उपजिलाधिकारी ने 20 गांवों को खाली करने के निर्देश दिए हैं। लोग आशियाने उजाड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं।