तिलपनी गांव में दो महीने पहले अवैध पटाखों के गोदाम में लगी थी आग
संवाद न्यूज एजेंसी
अमीनगर सराय। तिलपनी गांव में दो महीने पहले अवैध पटाखों के गोदाम में लगी आग में बच्चों को बचाने में झुलसे युवक की उपचार के दौरान मौत हो गई। युवक के परिजनों ने तिलपनी में अवैध रूप से पटाखे बनाने का आरोप लगाया है।
सिंघावली अहीर थानाक्षेत्र के तिलपनी गांव के रहने वाले अतीकुर्रहमान ने बताया कि 28 सितंबर को उसका भाई हबीबुर्रहमान दिल्ली से गांव आया हुआ था। तिलपनी गांव में कई घरों में पटाखों का अवैध कारोबार चल रहा था। इसमें एक घर में रखे पटाखों में आग लग गई। आग की वजह से वहां छोटे बच्चे फंसे हुए थे तो उनको बचाने के लिए उसका भाई वहां चला गया। भाई ने उनकी मदद की और बच्चों को बचा लिया। मगर, उस आग में वह भी झुलस गया था। अतीकुर्रहमान ने बताया कि दो महीने से सराय सहित दिल्ली व मेरठ के कई अस्पतालों में भाई का उपचार कराया गया। शनिवार की रात मेरठ के निजी अस्पताल में उसने दम तोड़ दिया। परिजनों ने गमगीन माहौल में युवक के शव को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। वहीं परिजनों में अवैध पटाखों के कारोबारियों पर आरोप लगाए है कि उन्होंने ही गांव को बारूद के ढेर पर बैठा रखा है और उसके बाद भी पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। थाना प्रभारी का कहना है कि यह मामला अभी संज्ञान में नहीं है।