बागपत में स्वास्थ्य विभाग बुखार पर कंट्रोल पाने में पूरी तरह से विफल हो गया है। हरचंदपुर गांव में एक और युवक आसिफ की डेंगू से दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। आसिफ के पिता मुजम्मिल की 25 दिन पूर्व बुखार से मौत हो गई थी। अब तक गांव के दस लोगों की बुखार से मौत हो चुकी है। कई अभी भी गांव में बुखार से पीड़ित हैं।
जनपद में बुखार का प्रकोप बढ़ रहा है। हरचंदपुर गांव में तो बुखार ने सबसे ज्यादा कहर बरपाया है। गांव का आसिफ (21), दस दिन से बुखार से पीड़ित था। परिजनों ने पहले उसका गांव के निजी चिकित्सक से उपचार कराया। हालत गंभीर होने पर उसे दिल्ली के जीटीबी अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया।
जहां रविवार दोपहर आसिफ की उपचार के दौरान मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक 25 दिन पूर्व आसिफ के पिता मुजम्मिल की भी बुखार से मौत हो चुकी है। गांव में अब तक दस मौत बुखार से हो चुकी है, जबकि कई लोग ग्रस्त हैं।
सीएमओ डॉ. रविंद्र कुमार मिश्र का कहना है कि युवक आसिफ की मौत की उन्हें जानकारी नहीं है। गांव में टीम भेजकर जांच कराई जाएगी। गांव में हेल्थ कैंप और फॉगिंग कराई जा चुकी है। बुखार पर काफी हद तक कंट्रोल पा लिया गया है।
इनकी बुखार से हुई मौत
ग्रामीणों के मुताबिक सरताज के बेटे शाकिब, महिला जैनम, खुर्शीदा, गिरधारी, छात्र सागर, छह वर्षीय समा, नईम, मुजम्मिल और इस्लामन की बुखार से मौत हो चुकी है।
छात्रा की मौत
खेकड़ा (बागपत)। दिल्ली में तैनात सीआईएसएफ के जवान की पुत्री की डेंगू से मौत हो गई। खेकड़ा में गमगीन माहौल में छात्रा के शव का अंतिम संस्कार किया गया। नगर के मोहल्ला रामपुर निवासी देवेंद्र शर्मा सीआईएसएफ में है। वह पत्नी और बच्चे के साथ दिल्ली के पालम में रह रहा है। उसकी पंद्रह वर्षीय पुत्री अंजलि वहीं पर कक्षा दस में पढ़ रही थी। उसे दस दिन से बुखार था। परिजन उसका उपचार दिल्ली के मेट्रो अस्पताल में करा रहे थे। रविवार की सुबह उसकी मौत हो गई। छात्रा की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। रविवार को छात्रा के शव को खेकड़ा लाया गया, जहां उसका गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।