बागपत में खाद्य पदार्थों में मिलावट करने के आरोपियों पर प्रशासनिक अफसरों ने शिकंजा कस दिया। एडीएम कोर्ट ने 11 आरोपियों पर लाखों रुपये का जुर्माना लगाया। सबसे ज्यादा दो लाख रुपये का जुर्माना बताशों में सेलकड़ी मिलने पर लगाया है।
बागपत में खाद्य पदार्थों में मिलावट का गोरखधंधा बड़े पैमाने पर चल रहा है। अब अफसरों ने आरोपियों के खिलाफ सख्त रुख अपना लिया है। खाद्य सुरक्षा एवं ओषधि प्रशासन की अभिहित अधिकारी रेनू यादव ने बताया शाहपुर बड़ौली के आरोपी विनोद के मिल्क केक समेत अन्य पेय पदार्थों में मिलावट पाई गई थी। एडीएम कोर्ट ने आरोपी पर 45000 रुपये का जुर्माना लगाया।
इसी तरह बड़ावद गांव के कपिल, शामली के एलम निवासी आस मोहम्मद, धनौरा सिल्वर नगर के जमशेद, आरिफ बसौद के असगर के खोया, पिलाना के राकेश त्यागी के दूध, मेरठ के दिवालीपुर निवासी शकील के मिल्क केक में मिलावट मिलने पर 45-45 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। बड़ौत के नितिन के मिल्क केक में मिलावट मिलने पर 65 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। बताशों में सेलकड़ी की मिलावट करने के आरोपी बिजनौर के नजीबाबाद निवासी सलीम पर दो लाख रुपये का जुर्माना लगाया।
छापामारी कर दस नमूने लिए
बागपत। डीएम के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने शनिवार को मुकीमपुरा से क्रीम और खोया, कैड़वा से खोया, नंगला रवा से खोया, पिलाना से दूध, सिखेड़ा से खोया, खेकड़ा के अमित की दुकान से मिठाई, बड़ौत के नैन सिंह की दुकान से बताशे और किशन चंद जैन की दुकान से चटनी के दो नमूने भरे।
इससे वहां हड़कंप मच गया। कई दुकानदार तो अपनी दुकानें बंद करके इधर उधर चले गए। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों का कहना था कि यह छापेमारी अभियान लगातार जारी रहेगा। होली पर्व के मद्देनजर यह छापेमारी अभियान शुरू किया गया है। उन्हाेंने लोगों से अपील की कि मिलावटखोरों की सूचना विभाग को अवश्य दें।
मावा, नमकी के नमूने भी हुए थे फेल
बड़ौत। मावा, नमकीन और मिल्क केक आदि खाद्य वस्तुओं के नमूने जांच में फेल होने पर कोर्ट ने आठ दुकानदारों पर जुर्माना लगाया। खाद्य विभाग ने विगत दिनों ने कुछ दुकानदारों की दुकानों से खाद्य वस्तुओं के नमूने भरकर जांच के लिए भेजे थे। अभिहित अधिकारी रेणू यादव ने बताया विगत दिनों विभागीय टीम ने खाद्य वस्तुओं के नमूने भर कर जांच के लिए भेजे थे। उन्होंने बताया धनौरा सिल्वर नगर निवासी जमशेद, बड़ौली निवासी नितिन और सतेंद्र, बड़ावद निवासी कपिल के मावे का, धनौरा निवासी आसिफ के मावे का, यामीन और विनोद निवासी बड़ौली नमकीन, जैनपुर निवासी शकील के मिल्क केक के नमूने जांच में फेल हो गए। न्यायालय ने इन पर जुर्माना लगाया । यदि जुर्माना अदा नहीं करते है तो इन्हें छह-छह माह की सजा होगी।