मुजफ्फरनगर। थाना सिविल लाइन पुलिस ने प्रतिबंधित व एक्सपायरी डेट वाले खांसी के सिरप बरामद किए हैं। इनके पुराने रैपर हटाकर उनकी जगह नये फर्जी रैपर लगाकर अवैध रूप से मेडिकल स्टोर और खाड़ी देशों में बेचने वाले गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। उनका एक साथी अभी पकड़ में नहीं आया है।
एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत ने बताया कि सिविल लाइन थाना पुलिस ने पचैंडा फ्लाई ओवर के नीचे मॉल रोड पर मंदिर से आगे बने पक्के कमरे में छापा मारा। वहां से चूने वाली गली मदीना कालोनी सरवट निवासी शादाब अली, जिला कासगंज के थाना ढौलना के गांव सिरोली निवासी बबलू उर्फ तूफान सिंह व मूल रूप से अलमासपुर के परिक्रमा मार्ग निवासी दीपक शर्मा को पकड़ा। दीपक वर्तमान में देविका सोसाइटी राजनगर एक्सटेंशन, थाना नंदगांव गाजियाबाद में रहता है।
मौके से प्रतिबंधित व एक्सपायरी डेट वाले खांसी के सिरप बरामद किए गए। इन सिरप पर आरोपियों ने पुराने एक्सपायरी डेट वाले रैपर हटा कर उन पर नए एक्सपायरी डेट वाले नकली रैपर लगाए थे। यह सिरप बिना चिकित्सक की सलाह के आसानी से मेडिकल स्टोर पर नहीं मिलते। आरोपियों से 100 एमएल वाली फेंसीडाइल कफ सिरप की 74 शीशी और 92 रैपर शीट (कुल 1793) बरामद हुईं। इस गिरोह का एक सदस्य सिरप बेचने के लिए गया था। चारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तीनों आरोपियों का चालान कर दिया। आरोपी युवक सिरप बेचने से संबंधित कोई कागजात नही दिखा पाए।
इस तरह करते थे काम
थाना पुलिस ने बताया कि खांसी में इस सिरप की मांग बहुत ज्यादा है। वह तीनों मेडिकल स्टोरों से पुराने या एक दो माह के अंदर एक्सपायर होने वाले सिरप को सस्ते दामों पर खरीद कर उनके पुराने रैपर को उतारकर उन पर यह फर्जी रैपर लगाते हैं। उन्हें दूसरे प्रदेशों व मेडिकल स्टोरों पर मोटे मुनाफे पर बेच देते हैं। तीन दिन पहले 700 पीस तैयार करके उनका एक साथी चूने वाली गली मदीना कालोनी सरवट मोहम्मद वसीम कार लेकर दिल्ली गया है। आरोपियों ने बताया कि सिरप न बिका तो वह खाड़ी देश सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमिरात, औमान, ईरान, कुवैत जाने वाले लोगों को बेच देगा। खाड़ी देशों में धूल बहुत उड़ती है। इससे लोगों को खांसी रहती है। वहां इस दवा की बहुत मांग है। वहां जाने वाले लोग एक शीशी को हजार से 1200 रुपये में खरीद लेते हैं। इससे चार से पांच गुना मुनाफा होता है।