कोरोना काल में विद्यालय भले ही अभी बंद रहे हो, लेकिन उनके कायाकल्प के लिए शासन ने 14 मानक तय किए हैं। इसके बाद विभागीय अफसर सक्रिय हो गए हैं और जल्द ही बागपत जिले के सरकारी विद्यालयों की तस्वीर बदली नजर आएगी।
निजी विद्यालयों से मुकाबला करने के लिए सरकारी विद्यालयों को न सिर्फ जन सुविधाओं से लैस किया जाएगा, बल्कि, उनको संवारा भी जाएगा। इसके लिए शासन ने 14 मानक तय किए हैं, ताकि कोरोना का संभावित खतरा कम होने पर जब विद्यालय खुलेंगे तो सरकारी विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को अपने विद्यालय की तस्वीर बदली हुई मिले। उनके विद्यालय की दीवारों पर न सिर्फ आकर्षक पेंटिंग बनी होंगी, बल्कि उनकी कक्षा के फर्श पर टाइल भी लगे होंगे। शुद्धि पेयजल और कक्षा में पंखे की भी व्यवस्था होगी।
विद्यालयों के लिए तय किए 14 मानक
विद्यालय में शुद्ध पेयजल, बालक शौचालय, बालिका शौचालय, शौचालयों में जलापूर्ति, शौचालयों में टाइल लगाना, दिव्यांग सुलभ शौचालय, मल्टीपल हैंड वाश़िग यूनिट, कक्षा कक्ष में टाइल लगाना, श्यामपट्ट, रसोई घर, विद्यालय की समुचित रंगाई और पुताई, दिव्यांग सुलभ रैंप और रैलिंग, कक्षाओं में विद्युत उपकरण, विद्यालय में बिजली कनेक्शन।
मानक के अनुरूप कराए जाएंगे कार्य
एबीएसए विनोद वर्मा ने बताया कायाकल्प योजना के तहत सरकारी विद्यालयों के उच्चीकरण के कार्य काफी तेज गति से चल रहे हैं। जल्द ही सभी विद्यालयों में शासन द्वारा निर्धारित 14 मानक के अनुरूप कार्य करा लिए जाएंगे।