- समाज कल्याण विभाग में आवेदन करने के बावजूद बेटियों को नहीं दिया गया अनुदान
- विभाग से 58 लाख रुपये वापस गए, अधिकारियों की बड़ी लापरवाही सामने आई
- सुल्तानपुर हटाना व फैजपुर निनाना के कई परिवारों ने अधिकारियों पर उठाए सवाल
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों की शादी के लिए मिलने वाली अनुदान राशि को अधिकारी दबाए रहे, जबकि पात्र परिजन समाज कल्याण विभाग के चक्कर काटते रहे। हर बार अधिकारी उनको टराकते रहे। अधिकारियों की इसी लापरवाही के कारण ही 58 लाख रुपये शासन को वापस चले गए।
सुल्तानपुर हटाना गांव के जगपाल की बेटी की शादी दस महीने पहले हुई थी। जगपाल ने शादी के लिए मिलने वाले अनुदान के लिए तभी आवेदन किया था। वह तभी से समाज कल्याण विभाग के कार्यालय के चक्कर काट रहा है, लेकिन उनको आज तक अनुदान राशि नहीं मिली है। इसी गांव के रामपाल की बेटी की शादी करीब आठ महीने पहले और धर्मबीर की बेटी की शादी डेढ़ साल पहले हुई थी। दोनों ने शादी के एक महीने बाद ही अनुदान के लिए आवेदन किया था। इसके बावजूद आज तक अनुदान नहीं मिला और समाज कल्याण विभाग के अधिकारी केवल चक्कर कटाते रहे। इसी तरह ही फैजपुर निनाना गांव की सीमा की बेटी आरती की शादी दस महीने पहले हुई थी। बेटी की शादी के अनुदान के लिए समाज कल्याण विभाग में आवेदन किया गया। इसके बावजूद आज तक अनुदान नहीं मिला है। समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों की इस लापरवाही के कारण ही सरकार से अनुदान देने के लिए मिले रुपये में 58 लाख रुपये वापस चले गए।
हमारे गांव के कई ऐसे परिवार है, जिनकी आर्थिक स्थिति कमजोर है। उन परिवारों ने अपनी बेटियों की शादी करके अनुदान के लिए आवेदन किया हुआ है। मगर, आज तक अनुदान नहीं दिया गया है। यह परिवार पिछले कई महीने से समाज कल्याण विभाग के कार्यालय के चक्कर काट रहे है। - सचिन उर्फ भीम, प्रधान सुल्तानपुर हटाना
जिनको कई महीने पहले आवेदन करने के बाद भी रुपये नहीं मिले है, वह मेरे पास आकर अपनी समस्या बता सकते है। इस मामले में जिसकी लापरवाही से अभी तक रुपये नहीं मिले है, उन पर कार्रवाई की जाएगी। - राजकमल यादव, डीएम