अमर उजाला स्थापना दिवस
साल 1997 में मेरठ से अलग कर बागपत तहसील को बनाया जिला
अमर उजाला ब्यूरो
बागपत। बीतें 34 साल में अमर उजाला हर कदम लोगों के साथ खड़ा रहा। बदलाव का लंबा दौर देखा। मेरठ का हिस्सा रही बागपत तहसील को सितंबर 1997 में जिला घोषित किया गया। खेकड़ा तहसील और पालिका बनाई गई। बागपत को नगरपालिका का दर्जा तो 1982 में ही मिल गया था, लेकिन पहला चुनाव साल 1988 में कराया गया, तब रोहताश गुप्ता पालिकाध्यक्ष चुने गए थे। 12 दिसंबर 1986 से अमर उजाला लोगों के घर का हिस्सा बना।
नया जिला बन जाने के बाद तरक्की का नया दौर शुरू हुआ। स्थानीय स्तर पर लोगों को सुविधाएं मिलनी शुरू हुई। समस्याओं का स्थानीय स्तर पर निपटारा शुरू हुआ। विकास के लिए अलग से बजट मिलना शुरू हुआ। जिला मुख्यालय पर औद्योगिक एरिया बनाया गया। यहां फैक्ट्रियां लगी। लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़े हैं। खेकड़ा में कृषि विज्ञान केंद्र की स्थापना भी की गई। मेडिकल कॉलेज, राजकीय कॉलेज को मंजूरी मिल गई है।
जिले के महत्वपूर्ण हिस्से
तहसील बागपत, बड़ौत, खेकड़ा
पालिका बागपत, बड़ौत, खेकड़ा
नगर पंचायत अग्रवाल मंडी टटी, अमीनगर सराय, छपरौली, दोघट, टीकरी।
विकास खंड बागपत, पिलाना, खेकड़ा, बड़ौत, छपरौली, बिनौली।
अमर उजाला ने जिले की समस्याओं को निष्पक्षता के साथ उठाया है। विकास के हर मुद्दे पर आमजन का समर्थन मिला है। - राजूद्दीन एडवोकेट, अध्यक्ष, बागपत नगर पालिका।