नगर पालिका परिषद में ड्यूटी पत्र लेने पहुंचे शिक्षकों ने हंगामा किया। आरोप लगाया कि नगर पालिका का दरवाजा बंद था। शिक्षक धूप में कर्मचारियों का इंताजार देखते रहे। इसकी शिकायत सीएम से करने का निर्णय लिया।
शुक्रवार को उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के कार्यकर्ता नगर पालिका के बाहर नारेबाजी कर हंगामा किया। जिलाध्यक्ष राकेश यादव ने बताया कि प्रशासन ने 500 से अधिक शिक्षकों की ड्यूटी नगर पालिका, नगर निकाय और पिछड़ी जाति के रेपिड सर्वे में लगाई हुई है। इसका कलक्ट्रेट सभागार में प्रशिक्षण हुआ था। शुक्रवार को नगर पालिका से ड्यूटी पत्र के साथ अन्य कागजात लेने के निर्देश मिले थे।
तय समय के अनुसार पालिका परिसर में सभी शिक्षक पहुंच गए थे। वहां पर कोई भी अधिकारी और कर्मचारी नहीं था। दरवाजा बंद मिला। काफी देर तक धूप में खडे़ होकर इंतजार करना पड़ा। शिक्षकों ने बताया कि नियम विरूद्ध ड्यूटी लगाई जा रही है। इससे छात्रों की पढ़ाई चौपट हो रही और नामांकन करने में दिक्कत पहुंचेगी।
इस संबंध में प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी शिकायत करने का सभी ने निर्णय लिया। राजकुमार शर्मा, वेदप्रकाश, योगेश शर्मा, बृजभूषण, दिनेश कुमार, शालिनी, अनुराधा, अंजु, रूपा, सुमन, सीमा, मीनाक्षी, सीमा, हरेंद्र मोहन, मनोज कुमार, सविता, नवनिशा, सुर्पणा, पूजा, अनीता, दिनेश मौजूद रहे।
अंबेडकर जयंती के कारण हुआ थोड़ा विलंब: ईओ
ईओ ललित कुमार आर्य ने बताया कि जिस समय शिक्षक ड्यूटी पत्र लेने पहुंचे थे उस दौरान डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती मनाई जा रही है, जिस कारण विलंब हुआ था। उसके बाद सभी शिक्षकों को पत्र वितरित कर दिए गए थे। पालिका का दरवाजा बंद मिलने का आरोप गलत है।