जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर चुनाव कल
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। जिला पंचायत अध्यक्ष पद का चुनाव रालोद और भाजपा के लिए प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गया है। दोनों पार्टियां चुनाव जीतने के लिए पूरा जोर लगा रही हैं। वहीं, विधानसभा चुनाव के मद्देनजर दोनों दलों के लिए भी यह चुनाव अहम माना जा रहा है। साथ ही भाजपा के संगठन और जनप्रतिनिधियों के लिए करो या मरो जैसी स्थिति है।
बागपत को हमेशा रालोद का गढ़ माना जाता है। पिछले विधानसभा और लोकसभा चुनाव में पार्टी को यहां से सफलता भले ही न मिली हो परंतु किसान आंदोलन के बाद से पार्टी को फायदा हुआ है। जयंत चौधरी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद यह पहला चुनाव है। ऐसे में रालोद नेताओं ने भी यह चुनाव जीतने के लिए पूरी ताकत लगा रखी है। वे आक्रामकता के साथ भाजपा को टक्कर दे रहे हैं। पिछले दिनों हुए घटनाक्रम के बाद निगाह इस चुनाव पर है। वहीं, भाजपा के संगठन और जनप्रतिनिधियों के बीच समन्वय की कमी भी इस चुनाव में सामने आई है। वैसे दोनों पार्टियां अपने पास पर्याप्त बहुमत होने का दावा कर रही हैं। शनिवार को इसका फैसला हो जाएगा। फिलहाल दोनों पार्टियां जिला पंचायत अध्यक्ष पद जीतने के लिए पूरा जोर लगा रही हैं।
वर्जन -
जिला पंचायत चुनाव रालोद ही जीतेगा। भाजपा नेताओं को पता है कि उनकी हार तय है। इसीलिए चुनाव जीतने के लिए षड्यंत्र रच रहे हैं।-डॉ. जगपाल सिंह तेवतिया, रालोद जिलाध्यक्ष
जिला पंचायत अध्यक्ष पद का चुनाव भाजपा ही जीतेगी। हमारे पास पूर्ण बहुमत है। रालोद को चुनाव में मुंह की खानी पड़ेगी।- सूरजपाल सिंह गुर्जर, भाजपा जिलाध्यक्ष