बागपत। मौसम का बदलता मिजाज परेशानी का सबब बनने लगा है। बृहस्पतिवार देर रात तक रुक-रुककर बारिश होती रही। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार जिले में 9.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इस बारिश ने जहां किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें बढ़ा दी है, वहीं आम जनजीवन भी अस्तव्यस्त कर दिया है। कोहरे के कारण वाहनों की रफ्तार थमी रही। ठंड के कारण अमीनगर सराय मोड़ पर मानसिक रोगी युवक की मौत हो गई। शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 11.3 और अधिकतम तापमान 17.5 दर्ज किया गया।
बृहस्पतिवार रात हुई बारिश के कारण किसानों की मुश्किल बढ़ गई। आलू, सरसों की फसल को सबसे अधिक नुकसान हुआ है। क्रय केंद्रों के प्लाट में जलभराव के हालात बन गए। इस कारण कई जगह शुक्रवार को तौल कार्य आरंभ नहीं हो सका। कृषि विज्ञान केंद्र खेकड़ा के प्रभारी डॉ गजेंद्र पाल सिंह का कहना है कि सरसों और आलू की फसल को नुकसान हुआ है। गेहूं बुवाई करने के बजाए अब किसानों को गन्ने की बुवाई करनी चाहिए। उधर, बारिश के कारण ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। अमीनगर सराय में सराय मोड़ के समीप ठंड से मानसिक रोगी युवक की मौत हो गई। इससे पहले भड़ल में भी मानसिक रोगी महिला की मौत ठंड से हो गई थी। सिंघावली अहीर थाने की पुलिस शव की शनाख्त के प्रयास में जुटी है।
कोहरे के कारण टकराए ट्रक
बागपत। शुक्रवार की सुबह छाए कोहरे के कारण ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे पर ट्रक टकरा गए। सोनीपत निवासी देवराय और बिहार निवासी परिचालक सोनी सोनीपत से ट्रक में गद्दे लादकर दादरी जा रहे थे। रटौल अंडरपास के निकट कोहरे कारण उनका ट्रक दूसरे वाहन से टकरा गया। हादसे में दोनों घायल हो गए।
गैडबरा गांव में मकान की छत गिरी, एक घायल
दोघट। गैडबरा निवासी रियाजुद्दीन पुत्र हबीब बृहस्पतिवार की रात परिवार के साथ अपने कच्चे मकान में सोया था। रात में मकान की छत से मिट्टी गिरनी शुरू हो गई। इस पर घर के अंदर सो रहे लोग बाहर की तरफ भागने लगे। मगर, उसके भाई सोमीन के ऊपर छत का हिस्सा टूटकर गिर गया, जिसमें उसे चोट आई। इसके अलावा छत के मलबे के नीचे चारपाई व खाने का सामान भी दबकर नष्ट हो गया। परिजनों ने घायल सोमीन का गांव में ही एक चिकित्सक के यहां उपचार कराया।
तारों से उठी चिंगारी, मची अफरातफरी
रमाला। कंडेरा गांव में एचटी लाइन के तार जर्जर है। शुक्रवार को गांव के ही बस स्टैंड पर इन तारों में चिंगारी उठने लगी। इससे बस स्टैंड पर खड़े लोगों में अफरातफरी मच गई। लोगों ने दौड़कर किसी तरह जान बचाई। ग्रामीणों ने बिजलीघर पर फोन कर विद्युत सप्लाई बंद कराई। सूचना पर पहुंचे लाइनमैन ने तारों के बीच लकड़ी बांधकर उन्हें अलग किया। इसके बाद आपूर्ति चालू कराई गई। ग्रामीणों रविंद्र मुखिया, नरेंद्र, राजेंद्र, तेज सिंह, ओमपाल मुखिया, राजीव, विक्की, इलियास आदि ने तारों को बदलने की मांग की है।
हाइवे पर फैला कीचड़, लगा जाम
दोघट। बड़ौत-बुढ़ाना मार्ग पर चौगामा क्षेत्र में चल रहे निर्माण कार्य और साइडों में बनवाई जा रही नालियों के लिए मिट्टी खोदाई कराई जा रही है। यह मिट्टी मार्ग पर ही पड़ी हुई है। बारिश के कारण मार्ग पर यह मिट्टी सड़क पर फैलने से कीचड़ बन गया। उधर, गांव में एक विद्युत पोल को उखाड़ते समय गाड़ी सड़क पर खड़ी करने से जाम लग गया। इससे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। पुलिस को भी जाम खुलवाने में मशक्कत करनी पड़ी।