बागपत में पुलिस पर नेताजी और खनन माफिया कितने हावी है? बृहस्पतिवार को इसकी झलक देखने को मिली। पुलिस और खनन विभाग की टीम द्वारा पकड़े गए रेत (कोरसेंट) के पांच ट्रक, एक नेताजी के इशारे पर बार्डर पार कर गए। निवाड़ा चौकी पुलिस देखती रह गई। मामला सार्वजनिक होने पर पुलिस अफसरों में हड़कंप मच गया। आनन फानन में हरियाणा से ट्रक वापस मंगवाए गए। पुलिस ने एक ट्रक मालिक को हिरासत में लिया है।
बागपत की ओर से हरियाणा जा रहे रेत के ट्रकों को निवाड़ा चौकी पर पुलिस और खनन विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार को पकड़ लिया। उनके पास रेत के पूरे कागज नहीं थे। ट्रक चालकों ने ट्रक मालिकों को इस बारे में अवगत कराया। कुछ ही देर बाद वहां पर काफी लोग एकत्र हो गए। इसी दौरान वहां बागपत का एक नेता भी पहुंच गया। उसने ट्रक चालकों को ट्रक ले जाने का इशारा किया। ट्रक चालक ट्रकों को लेकर हरियाणा चले गए।
निवाड़ा चौकी पुलिस और खनन विभाग की टीम देखते रह गई। मामला सार्वजनिक होने पर पुलिसकर्मियों ने घटना की जानकारी पुलिस अफसरों को दी। इससे पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। पुलिस ने एक ट्रक मालिक को हिरासत में ले लिया। साथ ही ट्रकों को वापस मंगवाया गया। हिरासत में लिए गए युवक ने बताया कि वे तो अफसरों से बात कर रहे थे। इसी दौरान बागपत के एक नेता ने ट्रक चालक को ट्रक ले जाने के लिए कहा।
उनके कहने पर ही चालक ट्रकों को ले गए है। इस बाबत कोतवाली प्रभारी रनवीर सिंह यादव का कहना है कि पकड़े गए ट्रकों को चालक हरियाणा में ले गए थे। वहां से वापस ट्रक आ गए है। किसी नेता के इशारे पर ट्रक हरियाणा में नहीं गए थे। उधर, एसपी रवि शंकर छवि ने मामले की जानकारी होने से इंकार किया है।