बागपत। अखिल उत्तर प्रदेश जाट महासभा ने पानीपत फिल्म के प्रदर्शन पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है। पदाधिकारियों ने कहा कि महाराजा सूरजमल देश के लिए जिए और मरे। उन्होंने मातृभूमि के लिए अनेक युद्ध जीते। पानीपत फिल्म में जिस तरह उनका किरदार दिखाया गया है, वह गलत है। एलान किया कि अगर दृश्य नहीं बदले गए तो फिल्म को नहीं चलने दिया जाएगा।
कलक्ट्रेट में शुक्रवार को अखिल उत्तर प्रदेश जाट महासभा के पदाधिकारी एकत्र हुए। वक्ताओं ने कहा कि फिल्मकार ने तथ्यों को छिपाकर फिल्म को प्रदर्शित किया है। महाराजा सूरजमल को अपमानित किया गया है। पानीपत फिल्म में भी इसी तरह का दृश्य दिखाया गया है। पराक्रमी योद्धा महाराजा सूरजमल के किरदार को आपत्तिजनक दृश्य और संवाद के साथ दिखाया गया है जोकि गलत है। महाराज सूरजमल ने अपने समय में किए गए पराक्रमी कार्यों व उनके मूल चरित्र के प्रतिकूल है।
कलक्ट्रेट प्रभारी रामनयन सिंह को राज्यपाल के नाम लिखित ज्ञापन सौंपा। मांग रखी कि फिल्म के प्रदर्शन पर रोक लगाई जाएं। फिल्म से महाराजा सूरजमल से संबंधित आपत्तियां संवाद का दृश्य को संशोधित करने के बाद ही प्रदर्शन की अनुमति दी जाएं। वक्ताओं ने चेतावनी दी अगर कोई कार्रवाई नहीं होती है तो आंदोलन किया जाएगा। उपाध्यक्ष धर्मपाल सिंह चेयरमैन, सचिव डॉ. जगपाल सिंह तेवतिया, जयपाल सिंह, नगेंद्र सिंह, शीशपाल, एडवोकेट धर्मेंद्र काठा, धर्मपाल सिंह, वीरेंद्र सिंह, कपिल चौहान, अमरपाल राणा, योगेंद्र सिंह, ओमप्रकाश धामा, ब्रह्मपाल मौजूद रहे।