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पुरा महादेव मंदिर पर नहीं लगेगा कांवड़ मेला

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पुरामहादेव मंदिर - फोटो : BAGHPAT
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संशोधित :
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मंदिर कमेटी का फैसला, कोरोना संक्रमण के कारण कांवड़ मेला स्थगित
फोटो संख्या-एक की सीरीज
अमर उजाला ब्यूरो
बागपत। पुरा गांव के एतिहासिक श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर पर इस बार कांवड़ यात्रा और मेले का आयोजन नहीं होगा। परशुरामेश्वर महादेव मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने एसपी अजय कुमार सिंह से मुलाकात कर कोरोना संक्रमण के कारण जनहित में इस बार कांवड़ मेला का आयोजन रद्द करने का फैसला किया है। समिति का कहना है कि यह कदम उन्होंने जन हित में उठाया है।
परशुरामेश्वर महादेव मंदिर समिति के सचिव संजीव शर्मा, अग्रवाल मंडी टटीरी के पूर्व चेयरमैन प्रमोद गुप्ता और अंकुर शर्मा ने शनिवार को एसपी अजय कुमार सिंह से मुलाकात की। अंकुर शर्मा ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण इस बार कांवड़ मेले का आयोजन ठीक नहीं रहेगा। इससे संक्रमण कई राज्यों तक फैलने का खतरा बना रहेगा। इसके अलावा पुरा गांव के श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर परिसर में लगने वाले चार दिवसीय मेले को आयोजन नहीं होगा। मंदिर परिसर में मेला 17 जुलाई से शुरू होना था, लेकिन कमेटी इस बार मेले का आयोजन नहीं करेगी। पुलिस-प्रशासन को जानकारी दे दी गई है। कोरोना संक्रमण को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
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यहां पहुंचते हैं 30 लाख कांवड़िए
बागपत। पुरा गांव के श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर में ऐतिहासिक शिवलिंग में जलाभिषेक के लिए श्रावण माह में करीब 25 से 30 लाख कांवड़िए पहुंचते हैं। इसके अलावा आसपास के जिलों से भी शिवभक्त आते हैं।
इन राज्यों से आते हैं कांवड़िए
बागपत। पश्चिम उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली, पंजाब राज्यों के कांवड़िए पुरा गांव के श्री परशुरामेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक करते हैं।
लगेगा जोर का झटका
बागपत। मेला परिसर में पांच सौ दुकानें लगती है। इन पर लाखों रुपये का कारोबार होता था। कांवड़ियों के अलावा आसपास के जिलों के लोग भी खिलौनों और धार्मिक चीजों की खरीदारी करते थे। लेकिन इस बार मेला नहीं लगने से जोर का झटका लगेगा।
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मिलता है 20 लाख का दान
बागपत। कांवड़ियों के अलावा अन्य श्रद्धालु मंदिर में कम से कम 15 से 20 लाख रुपये का दान भी श्रावण माह में करते थे, लेकिन इस बार मेला नहीं लगने से दान भी नहीं मिल सकेगा।
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