बड़ौत। डौला में सिंचाई विभाग कार्यालय बनाने की परियोजना मंजूर होने पर किसानों ने रोष जताया। किसानों का आरोप है कि विभागीय अफसरों ने अपनी सुविधा के अनुसार परियोजना मंजूर कराई है। जबकि किसानों को अपनी समस्याओं को लेकर वहां जाने में परेशानी होगी।
किसानों ने बताया कि बड़ौत तहसील के अंतर्गत तकरीबन 125 गांव पड़ते हैं। इन गांवों में से हजारों किसान पूर्वी यमुना नहर व उससे जुड़े रजबहों समेत माइनरों में आने वाले पानी से खेतों में सिंचाई करते हैं। अगर किसानों को सिंचाई संबंधित कोई समस्या होती है तो सिंचाई विभाग के बड़ौत कार्यालय में जाकर निस्तारित करा लेते हैं।
आरोप है कि विभागीय अफसरों ने अपनी सुविधा के अनुसार अब डौला में सिंचाई विभाग कार्यालय बनाने की परियोजना मंजूर करा दी है। जहां अभी तक सिंचाई खंड बड़ौत का कार्यालय छपरौली व चौगामा क्षेत्र से 30 से 35 किमी दूर है, वहीं डौला कार्यालय बनाए जाने पर यह दूरी 65 से 70 किमी हो जाएगी।
इस तरह किसानों को किसी भी समस्या का निस्तारण कराने के लिए दोगुनी दूरी पर जाना पड़ेगा। इसको लेकर किसानों ने रोष जताया और उन्होंने आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी।