उन्होंने कहा कि मेरे पास गांव में जो मेरी पैतृक संपत्ति थी, वह बहुत पहले बिक चुकी है। हां मैंने एक फ्लैट जयपुर में बैंक से ऋण लेकर लिया है, जिसकी किस्तें मेरी पेंशन से कट रहीं हैं। इसके सिवा मेरे पास कर्ज ही कर्ज है, सरकार अगर वो लेना चाहे तो उसे ले ले।
मैंने भ्रष्टाचार में संलिप्त जिन व्यक्तियों की शिकायत की थी, उनके ऊपर कार्रवाई न करके सीबीआई तानाशाह के इशारे पर मुझे बदनाम करने व डराने की कोशिश कर रही है।
मेरे पास से सीबीआई को न कुछ बरामद हुआ है, न होगा। क्योंकि मैं किसान मसीहा स्वर्गीय चौधरी चरण सिंह की तरह ईमानदार हूं। इन छापों से न मैं घबराऊंगा न मैं डरूंगा। ईमानदारी व सच्चाई के साथ खड़ा हूं। किसान का बेटा हूं, किसानों के साथ हूं।