बरवाला गांव में पहुंची मूल्यांकन टीम के सामने ग्रामीणों ने लगाया विकास कार्यों में लगाया अनियमितता का आरोप
श्यामा प्रसाद मुखर्जी रुर्बन मिशन योजना के तहत कराए गए विकास कार्य का चल रहा मूल्यांकन
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। श्यामा प्रसाद मुखर्जी रूर्बन मिशन योजना के तहत कराए गए विकास कार्यों की जांच करने मंगलवार को बरवाला गांव मेें दिल्ली से पहुुंची मूल्यांकन टीम का ग्रामीणों ने घेराव किया। ग्रामीणों ने विकास कार्यों में अनियमितता बरतने और टीम पर समस्या न सुनने का आरोप लगाया। किसी तरह टीम वहां से निकलकर बासौली गांव पहुंची और विकास कार्यों की जांच की। टीम इसकी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी।
सिलाना कलस्टर के अंतर्गत बरवाला, बासौली, शेरपुर, लुहारा, सिलाना, चांदनहेड़ी, हलालपुर व मुकुंदपुर गांव आते है। इन सभी गांवों में श्यामा प्रसाद मुखर्जी रूर्बन योजना के तहत अब तक करोड़ों रुपये के विकास कार्य कराए जा चुके है। इनकी जांच के लिए मंगलवार को दिल्ली से डॉ. रोहित कुमार मिश्र और एसोसिएट प्रोफेसर के नेतृत्व में बरवाला गांव पहुंची। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने विकास कार्यों में लाखों का गबन करने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। रामकुमार, अंकित, शिवचरण, अरविंद, सत्यपाल, ओमपाल, धर्मवीर, सुनील, ओमवीर आदि ग्रामीणों ने बताया कि गांव में लगभग 600 मीटर नाले का निर्माण कराया था। इसमें घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया है। इसके अलावा जो भी विकास कार्य हुए है, उनमें भी अनियमितता बरती गई है। हंगामा बढ़ता देख टीम यहां से निकलकर बासौली गांव पहुंची और विद्यालयों में ई-लाइब्रेरी, स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर लैब आदि की जांच की। इस अवसर पर परियोजना निदेशक विद्यानाथ शुक्ल, सहायक अभियंता लघु सिंचाई विभाग के प्रभारी सहायक विपिन त्यागी, जेई अमित देशवाल, ग्राम सचिव लोकेंद्र भी मौजूद रहे।
केन्द्र सरकार के निर्देशों पर ही सिलाना कलस्टर के तहत आने वाले गांवों में विकास कार्यों की जांच की गई है। कुछ खामियां मिली है, जिन्हें दुरुस्त कराने के लिए कहा गया है। फिलहाल अभी जांच चल रही है। जांच के बाद रिपोर्ट सरकार को भेजी जाएगी। - डॉ. रोहित कुमार मिश्र, सदस्य, मूल्यांकन टीम।