-ग्रामीण बोले-3.70 करोड़ रुपये से बनी पेयजल टंकी का शुरू होने का इंतजार कर रहे लोग
-सबमर्सिबल और सरकारी हैंडपंपों से भरना पड़ रहा पानी
फोटो 8 की सीरीज
संवाद न्यूज एजेंसी
छपरौली। लूंब गांव में जल जीवन मिशन के तहत बनी पेयजल टंकी कई साल बाद भी शुरू नहीं हो पाई है। इससे ग्रामीणों को पानी की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है।
जल निगम ने कई साल पहले 3.70 करोड़ रुपये की लागत से यह पेयजल टंकी बनाई थी। पाइपलाइन बिछाने के लिए गांव की सड़कों और गलियों की दो बार खोदाई की गई। खोदाई के बाद गड्ढे नहीं भरे गए, जिससे ग्रामीणों को परेशानी हो रही है। मनीष, बबलू, लोकेंद्र और सचिन जैसे ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें सबमर्सिबल और सरकारी हैंडपंपों से पानी भरना पड़ रहा है। भीषण गर्मी में धूप में खड़े होकर पानी लाने में उन्हें काफी दिक्कतें आ रही हैं। कई साल बीतने के बाद भी टंकी चालू न होने से ग्रामीणों में रोष है।
-पेयजल टंकी शुरू कराने के लिए कई बार जल निगम और विकास भवन में जाकर अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है लेकिन अभी तक समस्या का समाधान नहीं कराया गया। -मनीष चौहान, ग्रामीण
-कई साल पहले पेयजल टंकी बनकर तैयार हो गई थी, लेकिन अभी तक पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं कराई गई। सरकार के 3.70 करोड़ रुपये बजट में खर्च होने के बाद भी पानी के लिए मशक्कत करनी पड़ रही है। -साक्षी, ग्रामीण
वर्जन-
लूंब गांव की पेयजल टंकी के निर्माण में कुछ काम बाकी रह गया था। बजट की मांग की गई है। बजट मिलते ही जल्द काम पूर्ण कराकर टंकी शुरू करा दी जाएगी। -अनुज कुमार, अवर अभियंता, जल निगम