बागपत। कोर्ट में पेशी पर आए प्रमोद गांगनौली गैंग के दो सदस्यों का आकाश शामली से कचहरी परिसर में आमना-सामना हो गया। इस दौरान उनके बीच गाली-गलौज हुई। बाद में एक-दूसरे को जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को शांत कराया। कचहरी में चेकिंग अभियान चला।
बागपत जेल में बंद प्रमोद गांगनौली गैंग के सदस्य मनीष निवासी रठौड़ा और विकास उर्फ मोना पंडित निवासी बिजरौल सोमवार को कोर्ट में पेशी पर आए । इसी दौरान गाजियाबाद पुलिस आकाश शामली और उनके भाई को पेशी के लिए कचहरी लेकर पहुंची। इस दौरान अपराधी एक-दूसरे को देखकर आपा खो बैठे और गाली-गलौज शुरू कर दी। बाद में उन्होंने एक-दूसरे को जान से मारने की धमकी दी। इससे कचहरी परिसर में हंगामा हो गया। पुलिस ने हस्तक्षेप करके दोनों पक्षों को शांत कराया। बाद में पुलिस लाइन के आरआई राजवीर सिंह ने कचहरी में चेकिंग अभियान चलाया। हिदायत दी कि यदि किसी ने विवाद किया तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि प्रमोद गांगनौली गैंग के सदस्य मनीष निवासी रठौड़ा और विकास उर्फ मोना पंडित निवासी बिजरौल और आकाश शामली में पहले से ही विवाद चल रहा है।
बस्ती जेल में बंद देवेंद्र
धनौरा को जान का खतरा
बागपत। बस्ती जेल में बंद देवेंद्र निवासी धनौरा की कोर्ट में सोमवार को पेशी हुई। इस दौरान उसने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उसके पिता और दमकल विभाग के इंस्पेक्टर इकबाल की मुरादनगर में रंजिश के चलते हत्या कर दी गई थी। केस के दो आरोपियों की मौत हो चुकी है। एक आरोपी फिलहाल खुलेआम घूम रहा है और उन पर केस में समझौते का दबाव बना रहा है और जान से मारने की धमकी दे रहा है। देवेंद्र का दावा है आरोपी दूसरे जनपदों के केसों में फरार चल रहा है। आरोपी से उसे और उसके परिवार को जान का खतरा बना हुआ है। उसने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।