छपरौली के बाछौड़ गांव में घर के पास नलकूप पर खेलते समय राहुल की ढाई वर्ष की इकलौती बेटी मनु की पैर फिसलकर हौज में गिरने से मौत हो गई। आधा घंटे तक मनु नजर नहीं आई तो परिजनों ने उसे तलाश किया। तब नलकूप की हौज में मनु का शव पड़ा मिला। परिजनों ने पुलिस को जानकारी दिए बिना उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
बाछौड़ गांव निवासी राहुल एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं, जो शुक्रवार को ड्यूटी पर गए थे। घर में पत्नी और इकलौती बेटी मनु थे। शुक्रवार शाम को पत्नी घर में काम करने लगी। इसी बीच घर के बाहर खेल रही बेटी नलकूप पर चली गई। वहां पैर फिसलने से मनु नलकूप की हौज में गिर गई। काफी देर तक बेटी नजर नहीं आई तो उसे तलाश किया गया। नलकूप पर जाकर देखा तो मनु हौज में पड़ी मिली। बच्ची को लेकर परिवार वाले बड़ौत के निजी अस्पताल में पहुंचे, लेकिन वहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
इकलौती बेटी की मौत होने से परिवार में शोक छा गया। ग्रामीण संजय, विकास आदि ने बताया कि राहुल के माता-पिता की पहले ही मौत हो चुकी है और उसकी बहन की शादी भी हो गई।
आधा घंटे तक नहीं मिली मनु
ग्रामीणों ने बताया कि बच्ची को परिवार वालों के साथ आसपास के लोग भी खिलाते रहते थे। शुक्रवार दोपहर मनु जब नजर नहीं आई तो उसे तलाशना शुरू कर दिया। करीब आधे घंटे तक मनु को तलाश किया गया। बाद में नलकूप के पास जाकर हौज में देखा गया।
ये बोले सीओ
बाछौड़ गांव में हौज में डूबने से बच्ची की मौत के बारे में कोई लिखित सूचना पुलिस को नहीं दी गई है।
-विजय कुमार, सीओ।