बागपत जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव से पूर्व पार्टी के चुने गए सदस्यों के उत्पीड़न के खिलाफ रालोद ने आक्रामक रणनीति अपनाने का निर्णय किया है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक कार्यालय पर 23 जून को महापंचायत करने का एलान किया है। जिला कार्यालय पर सोमवार को हुई कार्यकर्ताओं की बैठक में महापंचायत में भीड़ जुटाने के लिए कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई। रालोद के इस निर्णय से पुलिस-प्रशासन असमंजस में है।
बैठक में जिलाध्यक्ष डॉ. जगपाल सिंह तेवतिया, राष्ट्रीय सचिव डॉ. कुलदीप उज्ज्वल, पूर्व विधायक वीरपाल राठी व गजेंद्र मुन्ना आदि ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि जिला पंचायत अध्यक्ष का चुनाव नजदीक है। ऐसे में पुलिस-प्रशासन रालोद व सपा के सदस्यों और उनके परिजनों के खिलाफ फर्जी मुकदमे दर्ज कराकर उत्पीड़न कर रहा है।
इसे लेकर 19 जून को बिनौली थाने पर लोकतांत्रिक तरीके से विरोध-प्रदर्शन किया गया था। कोविड गाइडलाइन का भी पालन किया गया था। इसके बावजूद सदस्यों और उनके परिजनों के खिलाफ झूठे मुकदमे और उत्पीड़नात्मक कार्रवाई बराबर की जा रही है।
उन्होंने कहा कि इस मामले में वे एडीजी, आईजी, डीएम और एसपी से मिलकर निष्पक्ष कार्रवाई की मांग करते आ रहे हैं। इसके बावजूद उत्पीड़न बंद नहीं हुआ। ऐसे में एसपी कार्यालय पर महापंचायत करने का निर्णय लेना पड़ा। तानाशाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस-प्रशासन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। बैठक की अध्यक्षता डॉ. वीरेंद्र तेजान ने की।
बैठक में सतेंद्र प्रमुख, संजय प्रधान, धीरज उज्ज्वल, संजीव मान, सतीश चौधरी, सुरेश मलिक, अरुण तोमर उर्फ बॉबी, ब्रह्मपाल, मनोज तोमर, अजहर खां, ओमवीर सिंह तोमर, मोहित मुखिया, सुनील चौधरी, नरेश, संजय पंवार, आदित्य सोलंकी, विनोद हटाना, जाहिद खां, जितेंद्र, पप्पू, गंगाराम आदि मौजूद रहे।
महापंचायत की सफलता को बनाई रणनीति
पुलिस अधीक्षक कार्यालय पर आहूत महापंचायत को सफल बनाने के लिए रणनीति बनाई गई है। कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई। तय किया कि सहारनपुर रोड की ओर आने वाले ट्रैक्टर नैथला मोड़ पर एकत्र होंगे। दिल्ली रोड की ओर से आने वाले ट्रैक्टर काठा गांव में एकत्र होंगे। ढिकौली, अहेड़ा और मेरठ रोड की ओर से आने वाले ट्रैक्टर महिला थाने पर एकत्र होंगे। पूर्वाह्न 11 बजे एसपी कार्यालय पर महापंचायत होगी।