पाइप तोड़कर निकालने पड़े सांप
इसके बाद गांव के ही सांप पकड़ने वाले अब्दुल करीम को बुलाया और पाइप तोड़कर सांप के बच्चों को बाहर निकालकर डिब्बे में बंद कर जंगल में छोड़ा। लगातार चार दिन तक चलाए गए रेस्क्यू अभियान में 100 से अधिक सांपों को पकड़कर जंगल में छोड़ा गया। वहां इतने ज्यादा सांप देखने के लिए रोजाना आसपास के काफी लोग एकत्र हो जाते थे। वहीं सभी सांप पकड़े जाने के बाद रियाजुद्दीन के परिवार ने राहत की सांस ली।
अब्दुल करीम ने खुद खून चूसकर निकाला जहर
सांप पकड़ने के दौरान अब्दुल करीम के हाथ में सांप ने डस लिया। बताया कि वह सांप काफी छोटा होने के कारण जहर तेजी से नहीं फैला। उसने पहले पानी चलवाकर हाथ धोया और फिर खुद खून चूसकर अपने हाथ से जहर निकाला। इसके साथ ही दवाई भी ली।
करैत प्रजाति के हैं सांप
अब्दुल करीम ने बताया कि पकड़े गए सांप करैत प्रजाति के हैं जो ज्यादातर नमी में रहना पसंद करते हैं। शौचालय के पाइप में नमी होने के कारण सांप ने वहीं पर अंडे दे दिए होंगे।