एसपी के मुताबिक आरोपी रणवीर दसवीं फेल है। पहले उसने जानकार लोगों से बिना शक हुए बम बनाने के बारे में पूछा। यू-ट्यूब पर उसे एक वीडियो मिल गया, जिसमें बम से विस्फोट करने की जानकारी मिली। वीडियो के तहत रणवीर ने बाजार से सेल, पोटाश, गंधक आदि खरीद लिया और मोबाइल की पुरानी बैटरी, हीटर कॉइल आदि का इस्तेमाल कर बम तैयार कर लिया।
पहले खेत में किया प्रयोग, फिर नरेंद्र के मकान में
सीओ युवराज सिंह ने बताया कि आरोपी रणवीर ने यू-ट्यूब की वीडियो देखकर बम बना लिया। पहले उसका परीक्षण खेत में जाकर किया, जिसमें उसे सफलता मिली गई। इसके बाद 26 मई की रात बम को तैयार कर पड़ोसी नरेंद्र के घर के दरवाजे पर रख दिया। गेट की दीवार पर एक ईट रखी। 27 मई को जैसे ही नरेंद्र के बेटे गौतम ने दरवाजा खोला तो गेट की दीवार पर रखी ईट बम पर गिर गई, इससे उसका स्विच ऑन हो गया। बटन ऑन होते ही बम फट गया। धमाके में गौतम तो घायल हुआ ही, लोहे का दरवाजा भी क्षतिग्रस्त हो गया था।
यह भी पढ़ें: महायोजना-2031: मेरठ बनेगा नया औद्योगिक हब, 305 गांवों में होगा विस्तार, आप भी दे सकते हैं सुझाव
युवक बम बनाकर अपराध कर रहे, वीडियो हटाए यू-ट्यूब
बिजरौल गांव में यू-ट्यूब पर वीडियो देखकर बम बनाने का मामला सामने आने पर एसपी नीरज कुमार जादौन ने यू-ट्यूब के प्रबंधन को पत्र लिखा है। उन्होंने यू-ट्यूब से ऐसी सभी वीडियो हटाने के लिए कहा गया है, जिनको देखकर युवक बम बना सकते हैं।
एसपी नीरज कुमार जादौन ने स्थिति साफ करने के लिए आरोपी रणवीर से बम बनवाकर देखा। इसके लिए बम बनाने में इस्तेमाल होने वाले सभी सामान को मंगवाया गया। आरोपी युवक ने एसपी के सामने ही बम बनाना शुरू कर दिया। एसपी समेत सभी पुलिस कर्मी बम बनाता देखकर चौंक गए।
आरोपी ने एसपी को बताया कि यू-ट्यूब पर वीडियो देखकर उसने बम बनाया था। उसने यह वीडियो भी यू-ट्यूब पर एसपी को दिखाई।इसके बाद एसपी नीरज कुमार जादौन ने यू-ट्यूब को एक पत्र भेजा है, जिसमें बम बनाने की वीडियो को हटाने के लिए कहा गया है। इस घटना का जिक्र करते हुए कहा गया है कि इस तरह की वीडियो देखकर बम बनाए जाने लगे हैं, जिनका किसी बड़ी घटना के लिए इस्तेमाल हो सकता है।