गौरतलब है कि पुलिस-प्रशासन ने मेला क्षेत्र को छह जोन और 12 सेक्टर में बांट दिया हैं। पुलिस, पीएसी, आरएएफ और एटीएसपुरा गांव में डेरा डाले हुए हैं। इस ऐतिहासिक मंदिर पर आठ से 10 अगस्त तक कांवड़ मेले का आयोजन किया जाएगा।
डीएम ऋषिरेंद्र कुमार और मेला मजिस्ट्रेट एसडीएम बागपत विवेक कुमार यादव ने बताया कि मेले की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। कांवड़ मार्गों की सुरक्षा और निगरानी के लिए मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे। जगह जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। जलाभिषेक के लिए मंदिर में प्रवेश और निकासी प्वाइंट पर चाक-चौबंद व्यवस्था रहेगी। कांवड़िए यहां पहुंचने शुरू हो गए हैं।