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लाइनमैन की मौत पर दिल्ली हाईवे जाम

Thu, 27 Jun 2013 05:30 AM IST
Baghpat
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बड़ौत। अमीनगर सराय रोड स्थित 132 केवीए बिजलीघर पर 13 दिन पहले मशीन ठीक करते समय हुए फाल्ट से झुलसे संविदा विद्युत लाइनमैन की मौत होने जाने पर मुआवजे की मांग, जेई व ठेकेदार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराए जाने की मांग को लेकर पहले बड़ौली रोड पर शव रखकर जाम लगाया। जब कोई अधिकारी नहीं पहुंचा तो आक्रोशित भीड़ दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर पीएन शर्मा पार्क के पास पहुंची और शव रखकर जाम लगा दिया। दो घंटे बाद एडीएम, एएसपी, एसडीएम ने एक्सईएन प्रथम को बुलाकर 50 हजार रुपये का चेक तुरंत व डेढ़ लाख रुपये का चेक तीस दिन के अंदर तथा जेई व ठेकेदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने का आश्वासन दिया। तब लोगों ने जाम खोला।
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13 जून को अमीनगर सराय रोड स्थित 132 केवी बिजलीघर पर मशीन ठीक करते समय हुए फाल्ट में संजय (30) पुत्र सोमपाल बड़ौली रोड बड़ौत बुरी तरह झुलस गया था। उसे मेरठ रेफर किया गया था। वहां से उसे दिल्ली ले जाया गया लेकिन उपचार के बीच में ही ठेकेदार उसे दिल्ली अस्पताल से छह दिन पूर्व उसके घर ले आया था। जबकि उसकी हालत गंभीर थी। बुधवार की उसने दम तोड़ दिया। उसकी मौत से लोगों में आक्रोश उत्पन्न हो गया। विधायक लोकेश दीक्षित, बसपा के जिलाध्यक्ष हरबीर सिंह मौके पर पहुंचे और उन्होंने परिजनों को आश्वासन दिया कि उन्हें मुआवजा अभी दिलाया जाएगा। शाम साढे़ छह बजे मृतक के शव को बड़ौली रोड पर रखकर विधायक की मौजूदगी में मार्ग जाम कर दिया गया। जब एक घंटे तक भी कोई अधिकारी वहां नहीं पहुंचा तो लोगों में आक्रोश उत्पन्न हो गया। सूचना पर थाना प्रभारी विनोद कुमार शर्मा मौके पर पहुंचे लेकिन उनकी किसी ने नहीं सुनी और शव को लेकर लोग दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर पहुंचे और जाम लगा दिया। जिनमें काफी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं।
विधायक लोकेश दीक्षित ने कहा कि मृतक के परिजनों को दो लाख रुपये का मुआवजा दिलाया जाए और जेई व ठेकेदार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाए, तभी शव पुलिस को सौंपकर जाम खोला जाएगा। सीओ बड़ौत घनश्याम सिंह मौके पर पहुंचे और उन्होंने समझाने का प्रयास किया लेकिन लोग नहीं माने।
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दो घंटे बाद एडीएम सुरेंद्र राम, एएसपी सुनील कुमार, एसडीएम राजेंद्र सिंह व कई थानों का पुलिस बल समेत पीएसी मौके पर पहुंची। जाम स्थल पर ही एडीएम ने एक्सईएन प्रथम एसके बंसल को बुलाया और उन्हें पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। एडीएम ने आश्वासन दिया कि मृतक के परिजनों को अभी 50 हजार रुपये का चेक दिया जा रहा है और 1.50 लाख रुपये का चेक तीस दिन के अंदर दे दिया जाएगा तथा जेई आर्य नरेश व ठेकेदार पवन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। इसके अलावा शासन की पारिवारिक योजना के अंतर्गत मिलने वाली 75 हजार रुपये की धनराशि भी मृतक के परिजनों को दिलाई जाएगी। इस आश्वासन पर उन्होंने शव को पुलिस को सौंप दिया और शव को पीएम के लिए भेज दिया। तब जाकर यह मार्ग आवागमन के लिए खुल सका।

वाहनों में तोड़फोड़ का प्रयास
बड़ौत। जाम के दौरान लोग इतने आक्रोशित थे कि जो वाहन जाम को देखकर भी नहीं रूक रहे थे तो कई वाहनों में उन्होंने तोड़फोड़ के प्रयास किए लेकिन पुलिस के समझाने पर वे रुके। जाम के दौरान पूरे ही समय स्थिति देखने को मिली और वाहनों की लंबी कतारे लग गई। पुलिस ने रूट डायवर्ट कर वाहनों को अन्य मार्गों से निकाला।

पत्नी व मां का रोते बुरा हाल
बड़ौत। पति की मौत से उसकी पत्नी शीला, मां सोहनवीरी का रोेते बुरा हाल था। मृतक के एक 14 साल का बेटा बंटी व पांच साल की बेटी भी पिता की मौत पर मायूस दिखाई दे रहे थे। मौहल्ले के लोग भी उसकी मौत पर काफी दुखी थे, क्योंकि यह बहुत गरीब परिवार था।
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