बागपत। गोवंश आश्रय स्थलों पर गोवंशीय पशुओं के चारे की आवश्यकता अनुसार मुख्य पशु चिकित्साधिकारी से डिमांड की जाएगी। बीडीओ और एसडीएम को कार्रवाई के लिए निर्देशित किया है। जिला, ब्लॉक और गांव स्तर पर समिति भी बनाई।
गोवंशों को आसरा देने के लिए योगी सरकार के निर्देश पर सभी गांवों में गोवंश आश्रय स्थल खोले जा रहे हैं। जिले में करीब 21 गांवों में कार्य चल रहा है। मीतली गांव में गोवंशों का आसरा मिल चुका है। अन्य जगहों पर कार्य प्रगति पर है। सरकार से गोवंशीय पशुओं के लिए एक करोड़ रुपये का बजट चारे के लिए आवंटित कर दिया गया है। इसके लिए समिति का गठन किया गया है। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी के माध्यम से चारे के लिए धनराशि की व्यवस्था कराई जाएगी। सीडीओ पीसी जायसवाल ने सभी खंड विकास अधिकारी और एसडीएम निर्देशित किया गोवंशीय पशुओं के हिसाब से गोवंश आश्रय स्थलों में चारे के लिए आवश्यकता अनुसार धनराशि की मांग करेंगे। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी समय पर धनराशि मुहैया कराएंगे, जिसके बाद चारे की व्यवस्था। जहां गोवंश आश्रय स्थल बन रहे है वहां समितियों का गठन किया जा रहा है। समिति भी गोवंशीय पशुओं की देखभाल करेगी। गोवंशीय पशुओं के मामले में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी।