- परिवहन विभाग ने बसों व वाहनों की फिटनेस नहीं कराने वाले स्कूलों पर कसा शिकंजा
- चेकिंग अभियान चलाकर दो बसों के चालान कर एक वाहन सीज किया
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। जिले में 288 खटारा स्कूल बस और वाहन दौड़ रहे है। इसे देखते हुए परिवहन विभाग ने मंगलवार को 50 से अधिक स्कूलों को नोटिस जारी किए है। इसके अलावा विभाग की ओर से चेकिंग अभियान चलाकर फिटनेस न मिलने पर दो वाहनों का चालान और एक वाहन को सीज कर दिया।
परिवहन विभाग ने फिटनेस व अन्य मानक पूरा न करने वाले स्कूल बस और अन्य वाहनों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जिले में पब्लिक स्कूलों में 473 स्कूल बस व अन्य वाहनों का संचालन किया जा रहा है। इनमें से 288 बस व अन्य वाहनों की फिटनेस खत्म हो चुकी है। विभाग की ओर से 50 से अधिक स्कूल संचालकों को नोटिस भेजकर फिटनेस व अन्य मानक पूर्ण कराने के निर्देश दिए है। आरआई विनय कुमार सिंह ने बताया कि निर्देशों का पालन न होने पर स्कूल संचालकों को कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
मंगलवार को विभाग की टीम के साथ स्कूली वाहनों की फिटनेस, प्रदूषण प्रमाण पत्र, रजिस्ट्रेशन, फर्स्ट एड बॉक्स व अन्य मानकों की जांच के लिए चेकिंग अभियान चलाया गया। दो वाहनों के चालान कर एक वाहन को सीज किया गया। बुधवार को भी स्कूल बस व वाहनों के खिलाफ चेकिंग अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी।
स्कूल बसों के लिए यह नियम
- ट्रांसपोर्ट परिमट होना चाहिए।
- चालक को कम से कम पांच साल का वाहन चलाने का अनुभव हो।
- स्कूल बस पीले रंग से पेंट होनी चाहिए।
- बस के आगे व पीछे ऑन स्कूल ड्यूटी लिखा हो।
- शीशों के साथ ही लोहे के पाइप व जाली लगी होनी चाहिए।
- बस के अंदर अग्निशमन यंत्र होना चाहिए।
- स्कूल वाहन की गति 40 किमी प्रति घंटा से अधिक नहीं हो।
- बस में फर्स्ट एड बॉक्स होना चाहिए।
- बसों में सीसीटीवी कैमरे लगे होने चाहिए।
- स्कूल का नाम और फोन नंबर लिखा होना चाहिए।
- दरवाजे में ताला लगा हो और सीटों के बीच पर्याप्त जगह होनी चाहिए।
स्कूल बसों की जांच करने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। फिटनेस के बिना चलाई जा रही बस व अन्य वाहनों के कारण स्कूलों को नोटिस जारी किया गया। अगर फिटनेस नहीं कराई गई तो आगे की कार्रवाई की जाएगी। - विनय कुमार सिंह, आरआई परिवहन विभाग