बागपत। जिले में गोवंश आश्रय केंद्र के संचालन के लिए जिला, तहसील और ब्लॉक स्तर पर समिति का गठन किया। इनके माध्यम से केंद्रों का सही प्रकार से संचालन किया जाएगा। वित्तीय प्रबंधन का भी कार्य करेगी, ताकि गोवंशों को किसी भी तरह की परेशानी न हो। जिला स्तर की समिति के अध्यक्ष डीएम होंगे।
किसानों को आवारा गोवंशों से निजात दिलाने के लिए गांव, कस्बे और शहर में अस्थायी गोवंश आश्रय केंद्र खोले जाने की तैयारी है। केंद्रों के सफल संचालन के लिए जिला स्तर से लेकर तहसील और ब्लॉक स्तर पर समिति का गठन किया। वहीं समितियों को उनके दायित्व और कर्तव्यों को बताया है। जिला स्तर की समिति तहसील और ब्लॉक स्तर की समिति द्वारा किए जा रहे कार्यों की समीक्षा करेगी। प्रबंधन में आ रही परेशानी का निराकरण भी कराया जाएगा। वित्तीय प्रबंधन कराएंगे। तहसील स्तर की समिति ग्राम सभा में गोवंश की समस्या है का समाधान कराएंगे। केंद्र के लिए भूमि का प्रबंधन करेंगे। ग्रामीणों के सहयोग से आसरा दिलाया जाएगा। केंद्र में ही हरा चारा और अन्य व्यवस्था समिति कराएंगी। गोवंश की चिकित्सा व्यवस्था का ध्यान रखा जाएगा। सुरक्षा और लाइट की प्रबंध कराया जाएगा। सीडीओ पीसी जायसवाल ने कहा कि समिति का गठन शासन स्तर से हो गया है। आश्रय केंद्रों के लिए जिला स्तर पर भूमि का चयन युद्ध स्तर पर कराया जा रहा है।
केंद्रों से गोवंश को भी खरीद सकते हैं कृषक और पशु पालक
बागपत। कृषक या पशु पालक किसी गोवंश को क्रय किया जाता है तो समिति द्वारा निर्धारित कीमत पर बिक्री करना ओर यह सुनिश्चित करना कि पशु उक्त क्रेता के पास ही रहेगा। उसका उपयोग दुग्ध उत्पादन, कृषि कार्य के लिए ही किया जा रहा है। उक्त गोवंश के विक्रय से होने वाली आय ग्राम निधि की आय होगी जो पशुओं के भरण पोषण में प्रयोग की जाएगी।
गोवंश छोड़ने पर होगी कार्रवाई
बागपत। यदि कोई कृषक या पशुपालक पशुओं को छोड़ता है तो इस संबंध में कार्रवाई होगी। कृषक और पशु पालक को इसके लिए प्रेरित किया जाएगा कि वह पशुओं का पालन करें।
जिला तहसील ओर ब्लॉक स्तर की समिति के पदाधिकारी
जिला स्तर की समिति के अध्यक्ष डीएम, सदस्य सचिव सीवीओ, एसपी, सीडीओ, पीडी, एएमए, अधिशासी अभियंता सिंचाई, अधिशासी अभियंता लघु सिंचाई, वनाधिकारी, डीपीआरओ, जिला ग्रामोद्योग अधिकारी, कृषि अधिकारी, उद्यान अधिकारी, डीडीएम नाबार्ड, जनप्रतिधि को सदस्य बनाया।
तहसील स्तर की समिति के एसडीएम अध्यक्ष, डिप्टी सीवीओ सदस्य सचिव, एएसपी, बीडीओ, तहसीलदार, नायब तहसील, ईओ, वन क्षेत्राधिकारी, उप संभागीय अधिकारी कृषि प्रसार को सदस्य बनाया।
ब्लॉक स्तर पर बीडीओ अध्यक्ष और ग्राम पंचायत अधिकारी को सदस्य सचिव, संबंधित पशु चिकित्साधिकारी, ग्राम प्रधान, पशुधन प्रसार अधिकारी, वन विभाग के क्षेत्रीय अधिकारी, सहायक विकास अधिकारी कृषि, राजस्व निरीक्षक को सदस्य बनाया।