बड़ौत (बागपत)।
नगर के डिवाइन ग्लोबल एकेडमी में आज एक कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें विख्यात लेखक और ओशो रजनीश के निकट रहे स्वामी अज्ञेय भारती ने कहा ध्यान और योग बिना जीवन अधूरा है।
उन्होंने कहा कि व्यक्ति भीड़ का हिस्सा बनता जा रहा है। जिसने जो बताया वह उसी में समाहित हो गया जो भीड़ की अवधारणा बनती है, वह अपनी बना लेता है। वह अपना व्यक्तिगत विश्वास खोता जा रहा है। उन्होंने बताया कि यदि हम अपने अंदर ध्यान करें तो हमें उसी में सर्वोच्च सत्ता नजर आती है। बाकी सभी कुछ बेकार दिखाई देने लगता है। उन्होंने बताया कि ध्यान और योग से व्यक्ति की अपनी एक ही दुनिया हो जाती है, इसमें वह सदा खुश रहता है, जीवन भर निरोगी रह सकता है। उन्होंने छात्रों से प्रतिदिन ध्यान और योग कर स्वस्थ रहने का मूलमंत्र दिया।
संस्था के प्रधानाचार्य के के त्यागी ने स्वामी अज्ञेय भर्ती का आभार जताते हुए बताया कि स्वामी अज्ञेय भारती एक प्रसिद्ध लेखक होने के साथ साथ अमेरिका में रजनीश पुरम में चार माह ओशो के अतिथि भी रहे, वहां ओशो को बड़ी नजदीकी और गहराई से समझा। उन्होंने छात्रों से आशो के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। इसमें अरुण मलिक, अनुज तोमर, पंकज, अमित, विनय आर्य, नदीम, रविंद्र, बृजेश तोमर, वर्षा, वंदना, अर्चना शर्मा, ऊमा तोमर, बीना तोमर आदि रहे।