बागपत। शामली जिले की ऊन चीनी मिल ने रमाला क्षेत्र के क्रय केंद्रों पर तौल बंद कर दिया है। किसानों के खेतों में गन्ना खड़ा है। डीसीओ ने चीनी मिल के अध्याशी, महाप्रबंधक और गन्ना प्रबंधक के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है।
ऊन चीनी मिल को गन्ना सप्लाई के लिए नांगला द्वितीय, बोढ़ा द्वितीय, तुगाना प्रथम, तुगाना द्वितीय, हेवा मीरपुर प्रथम , लूंब प्रथम, लूंब द्वितीय, टांडा प्रथम और हेवा मीरपुर द्वितीय क्रय केंद्र आवंटित किए थे। किसानों के खेतों में गन्ना खड़ा है, लेकिन इससे पहले ही चीनी मिल ने अपने क्रय केंद्र बंद कर दिए हैं। डीसीओ सुशील कुमार ने बताया कि किसानों ने मामले की शिकायत डीएम से की । डीएम ने किसानों की शिकायत को गंभीरता से लिया। किसानों की समस्या को देखकर चीनी मिल के अध्याशी जीएस खैरा, महाप्रबंधक गन्ना अनिल अहलावत और गन्ना प्रबंधक धर्मेंद्र राठी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए छपरौली थाने में तहरीर दी गई है। उन्होंने बताय तीनों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
पूरे गन्ने की पेराई तक चलेंगी चीनी मिल
बागपत। रमाला ही नहीं बल्कि जिले के अन्य क्षेत्रों में भी गन्ना खड़ा है। डीसीओ सुशील कुमार ने कहा कि जब तक खेतों में गन्ना रहेगा, चीनी मिल पेराई करेगी। किसानों का पूरा गन्ना खरीदा जाएगा।