छपरौली (बागपत)। गौरीपुर-निवाड़ा गांव में खनन के पट्टे को लेकर बवाल का मामला अभी ठंडा भी नहीं पड़ा बदरखा में भी खनन और रास्ते का विरोध शुरू हो गया है। पंचायत में ग्रामीणों ने एलान किया कि प्रशासन ने खनन चलवाने और रास्ता बनवाने का प्रयास किया तो ईंट से ईंट बजा देंगे। चाहे निवाड़ा जैसे हालात ही क्यों न बन जाएं पर बदरखा में खनन नहीं चलने देंगे।
रविवार को आर्य समाज मंदिर बदरखा में क्षेत्र के लोगों की पंचायत हुई। वक्ताओं ने कहा पुलिस-प्रशासन की अनदेखी से किसानों की फसल बर्बाद होने की कगार पर है। खनन का जहां पट्टा दिया जा रहा है, वह गलत है। रास्ते में किसानों की सैकड़ों बीघा जमीन है, जो बर्बाद हो जाएगी। किसी भी कीमत पर क्षेत्र में न तो खनन चलने दिया जाएगा और न ही रास्ता दिया जाएगा। पुलिस-प्रशासन की गलती से निवाड़ा-गौरीपुर में हालात बिगड़े। पंचायत ने चेताया कि प्रशासन जान ले अगर जबरन खनन चलवाने का प्रयास किया तो ईंट से ईंट बजा देंगे। किसानों के हित के लिए आरपार की लड़ाई लड़ी जाएगी। ईलम सिंह, सुखबीर, कंवरपाल, विकास कुमार, देवेंद्र कुमार, ओमदेव, सहदेव, राजीव मौजूद रहे।
कई गांव के किसान जुटे
छपरौली । पंचायत में बदरखा, छपरौली और ककौर समेत आसपास के कई गांव के किसान जुटे। खनन और खनन के लिए बनाए जा रहे रास्ते का विरोध किया। तय किया गया कि जल्द ही किसानों का प्रतिनिधिमंडल डीएम से मिलकर किसानों का पक्ष रखेगा।