बागपत। किशोरी और बालिकाओं में एनीमिया की समस्या को दूर करने और सुझाव के लिए शासन ने पोषण अभियान पखवाड़े का शुभारंभ किया है। 22 मार्च तक विभिन्न कार्यक्रम निर्धारित किए हैं। कुपोषित बच्चों की भी जांच होगी और गर्भवती महिलाओं को खान-पान की जानकारी दी जाएगी।
पोषण पखवाड़े का शुभारंभ हो गया। इसके तहत आंगनबाड़ी केंद्र और एएनएम सेंटरों पर महिलाओं का टीकाकरण किया। मुख्य सचिव अनूप चंद पांडेय ने सभी कार्यक्रम कराने के लिए आदेशित कर दिया है। डीएम के माध्यम से महिला एवं बाल विकास की ओर से सभी गतिविधियां आयोजित कराई जाएगी। अभियान के तहत किशोरी ओर बालिकाओं के हेल्थ कार्ड जारी किए जाएंगे। 11 से 14 वर्ष की किशोरियों की लंबाई, वजन की मांप आशा और आंगनबाड़ी करेगी और एएनएम खून की जांच करेगी। स्कूल न जाने वाली किशोरी की जांच उपकेंद्र पर सुबह के समय एएनएम द्वारा कराई जाएगी। दस मार्च को साइकिल रैली, जनजागरूकता बढ़ाना, वीरांगना दल की विशेष सहभागिता सुनिश्चित की जाए। 11 मार्च को स्कूलों में सुपोषण गोष्ठी, 12 को एसएचजी बैठक, 13 को वीरांगना दल द्वारा प्रभात फेरी, 14 को रेसिपी प्रदर्शन प्रतियोगिता, 15 को ममता दिवस, 16 को किसानों द्वारा गांव और शहर में पोषण हाट, कुपोषण बच्चों का चिन्हांकन, 17 को पोषण दौड़, 18 को स्थानीय साग सब्जी, फल से बनाने वाले व्यंजन रेसिपी प्रतियोगिता, 19 को वीरांगना दल एवं अन्य युवा समूहों की बैठक, 20 में अन्न प्रशासन दिवस, 21 को पोषण रैली और 22 मार्च को ग्राम पंचायत एवं मातृ समिति की बैठक, परियोजना स्तर पर संगोष्ठी होगी। डीपीओ वीना बजाज ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ किया है। सरूरपुर कलां गांव में आंगनबाड़ी बबीता नैन, गीता, विमलेश, सुनीता, अंजू ने कार्य किया।