बागपत। बढ़ते सड़क हादसों को देखकर दुपहिया वाहन पर पीछे बैठने वाले यात्री के लिए भी हेलमेट अनिवार्य कर दिया है। साथ ही बुधवार को हेलमेट डे घोषित किया है। ताकि हादसों पर अंकुश लग सके।
प्रदेश में सड़क हादसों का ग्राफ काफी ऊंचा है। अकेले बागपत की बात करे तो इस वर्ष अभी तक सैकड़ों लोगों की सड़क हादसों में जान जा चुकी है। इनमें से अधिकांश मौत दुपहिया वाहन पर सवार यात्रियों की हुई है। कई यात्री की मौत हेलमेट न होने के कारण हुई है। पिछले तीन दिन में चार लोगों की हादसे में मौत हो चुकी है। सोनीपत-बहालगढ़ मार्ग पर निवाड़ा गांव के मोड़ के पास कैंटर ने बाइक को कुचल दिया। बाइक सवार युवक अजय की मौत हो गई थी। उसी दिन दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर बड़ौली गांव के पास साइकिल सवार 12वीं के छात्र सौरभ को वाहन ने कुचल दिया था। इससे उसकी मौत हो गई थी। बढ़ते हादसों को देखकर अफसरों ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पुलिस उप महानिरीक्षक यातायात राजेश मोडक ने एसपी को भेजे पत्र में अवगत कराया कि मोटर साइकिल, स्कूटर या मोपेड पर पीछे बैठी सवारी को भी हेलमेट लगाया जाना अनिवार्य है। उधर बागपत यातायात प्रभारी लोकेंद्र शर्मा ने बताया कि यह आदेश उनको प्राप्त हो गया है। इसका पालन कराया जाएगा। उल्लंघन करने वाले यात्रियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। प्रत्येक बुधवार को हेलमेट डे मनाया जाएगा। दुपहिया वाहन चालकों को हेलमेट लगाने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
....बाइक पर कार जितने यात्री
बागपत। यातायात माह में ट्रैफिक पुलिस कितनी जागरूक है। इसका अंदाजा आज खुद लगा सकते है। एक बाइक पर पांच यात्री बैठकर आराम से राष्ट्रवंदना चौक के पास से गुजर गए। पीछे वाले यात्री हेलमेट लगाना तो दूर चालक भी हेलमेट लगाए हुए नहीं था। लेकिन किसी ने उस पर ध्यान नहीं दिया।