कस्बा स्थित भैरो बाबा मंदिर प्रांगण में रविवार को अखिल विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा के तत्वावधान में विश्वकर्मा अधिकार महासम्मलेन का आयोजन हुआ।
इसमें विश्वकर्मा समाज के लोगों को एकजुट होने की बात कही गई। पूर्व मंत्री रामआसरे विश्वकर्मा ने कहा कि विश्वकर्मा समाज की बड़ी आबादी होने के बावजूद आज विधानसभा, लोकसभा में विश्वकर्मा समाज का कोई एमएलए, एमपी नहीं है।
विश्वकर्मा समाज का सरकार में कोई मंत्री नहीं है। विश्वकर्मा समाज की आवाज सदन और सरकार में न उठने के कारण कोई कार्रवाई नहीं हो पा रही है।
कहा कि जब सपा की सरकार बनती है तब विश्वकर्मा समाज का मंत्री बनाया जाता है। समाज के विकास, नौकरी और रोजगार की व्यवस्था होती है। भाजपा सरकार आते ही विश्वकर्मा समाज की उपेक्षा होने लगती है। विश्वकर्मा पूजा को सार्वजनिक अवकाश घोषित हुआ था।
समाज को वर्कशाप खोलने के लिए ग्राम सभा की जमीनों के पट्टा और इंटर पास विश्वकर्मा समाज के नौजवानों को आईटीआई का प्रमाण पत्र देने का शासनादेश जारी हुआ लेकिन भाजपा सरकार ने शासनादेशों को खत्म कर समाज का भारी नुकसान किया।
2027 में भाजपा सरकार को हटाएं और समाजवादी पार्टी की सरकार बनाएं। अध्यक्षता पूर्व चेयरमैन वीरेंद्र विश्वकर्मा और संचालन दिनेश विश्वकर्मा ने किया। इस मौके पर निवर्तमान जिलाध्यक्ष सपा हवलदार यादव, गुलाब विश्वकर्मा, हरिकेश विश्वकर्मा, पंकज विश्वकर्मा, मनीष, संदीप विश्वकर्मा आदि मौजूद थे।