संस्कृत बोर्ड से सितारा खातून और कहकशां खातून, जबकि उर्दू बोर्ड से मनीषा और उर्मिला ने इंटरमीडिएट की परीक्षा बेहतर अंक पास करने पर बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने उन्हें सम्मानित किया।
सभी को प्रशस्ती पत्र के साथ कन्या विद्या धन योजना का चेक प्रदान किया। योजना के लिए विभिन्न बोर्ड के तीन हजार तीन सौ सोलह छात्राओं का चयन किया गया है। इनके खाते में भी जल्द ही 30 हजार रुपये भेज दिए जाएंगे।
लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश सरकार ने कन्या विद्या धन योजना शुरू की है। इसके तहत चयनित लाभार्थियों को 30 हजार रुपये प्रदान किया जाता है।
वर्ष 2015 में इंटरमीडिएट की परीक्षा पास करने वाली तीन हजार तीन सौ सोलह छात्राओं का चयन किया गया है। इसमें माध्यमिक शिक्षा परिषद की 2804, सीबीएसई बोर्ड के 323, आईसीएसई बोर्ड 91, संस्कृत शिक्षा परिषद 71, और मदरसा बोर्ड की 27 छात्राएं शामिल हैं।
मेरिट लिस्ट में इनका नाम शामिल होने पर कन्या विद्या धन योजना के लिए इनका चयन किया गया है। वर्ष 2015 में इंटर की परीक्षा संस्कृत बोर्ड से पास करने वाली सितारा खातून पुत्री जलालुद्दीन ने 68.83 प्रतिशत और कहकशां खातून पुत्री मोहम्मद एकराम ने 67.83 प्रतिशत अंक प्राप्त किया।
जबकि मदरसा बोर्ड से कुमारी मनीषा पुत्री रविंद्रनाथ 61.56 और उर्मिला यादव पुत्री रामजीत ने 56.89 प्रतिशत अंक प्राप्त कर परीक्षा पास की। अपने विषय से इतर पढ़ाई कर बेहतर अंक से परीक्षा पास करने वाली इन चारों छात्राओं का बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम सुहास एलवाई ने सम्मान किया।
प्रशस्ती पत्र और कन्या विद्या धन योजना का चेक प्रदान किया। डीएम ने इन चारों छात्राओं की तारीफ भी की। जिला विद्यालय निरीक्षक चंद्रजीत सिंह यादव ने बताया कि इस वर्ष विभिन्न बोर्ड के तीन हजार तीन सौ सोलह छात्राओं का चयन कन्या विद्या धन योजना के लिए किया गया है। चयनित छात्राओं के विद्यालय से इनका बैंक खाता लेकर उनके खाते में जल्द 30 हजार रुपया ट्रांसफर कर दिया जाएगा।