सराय रानी रेलवे स्टेशन को सिटी स्टेशन का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर सराय रानी विकास संघर्ष समिति का धरना शुक्रवार को भी जारी रहा। प्रदर्शनकारियों ने स्टेशन पर प्रमुख ट्रेनों का ठहराव शुरू कराने और यात्री सुविधाओं का विस्तार करने की मांग की। अजय सैनी और अमरजीत यादव ने कहा कि शहर से करीब सात किलोमीटर दूर स्थित सराय रानी रेलवे स्टेशन ब्रिटिश काल से क्षेत्र के लोगों की आवाजाही का प्रमुख केंद्र रहा है। करीब एक दशक पहले स्टेशन को हाल्ट में तब्दील किए जाने के बाद यात्रियों की समस्याएं बढ़ गई हैं। आसपास के दर्जनों गांवों के लोगों को प्रमुख ट्रेनों के ठहराव के लिए आजमगढ़ या अन्य स्टेशनों का रुख करना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र की आबादी और यात्रियों की जरूरतों को देखते हुए सराय रानी स्टेशन को सिटी स्टेशन का दर्जा दिया जाना जरूरी है। स्टेशन के विकास, प्रमुख ट्रेनों के ठहराव और यात्री सुविधाओं के विस्तार से क्षेत्र के लोगों को राहत मिलेगी। समिति ने मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही। धरने में समिति के अभिषेक, मनोज गुप्ता, शारदा प्रसाद जायसवाल, आशीष, अनिल कुमार, राहुल तिवारी, विंध्यवासिनी उपाध्याय, सूरज सिंह आदि पदाधिकारी और क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे।