फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पुरानी पेंशन लागू करने की मांग के समर्थन में शिक्षक लामबंद

विज्ञापन
पूर्व सांसद रमाकान्त यादव को अंबारी में उनके आवास पर ज्ञापन सौंपते अटेवा के सदस्य - फोटो : AZAMGARH
विज्ञापन
अंबारी। पुरानी पेंशन की बहाली और निजीकरण के विरोध में शिक्षक लामबंद हो गए हैं। रविवार को काफी संख्या में शिक्षकों ने पूर्व सांसद रमाकांत यादव को ज्ञापन देकर चुनावी घोषणा पत्र में इन मुद्दों को शामिल करने की मांग की। शिक्षकों ने पुरानी पेंशन बहाली के लिए आर-पार की लड़ाई लड़ने की चेतावनी दी।
विज्ञापन

अटेवा के फूलपुर ब्लाक इकाई के अध्यक्ष महेंद्र यादव के नेतृत्व में रविवार को काफी संख्या में शिक्षकों ने पूर्व सांसद रमाकांत यादव के अंबारी स्थित आवास पर ज्ञापन दिया। शिक्षकों का कहना था कि केंद्र सरकार की नौकरियों में एक जनवरी 2004 एवं प्रदेश सरकार की नौकरियों में एक अप्रैल 2005 से पुरानी पेंशन बंद कर नई पेंशन व्यवस्था लागू कर दी गई है। नई पेंशन प्रणाली शेयर बाजार आधारित जोखिमों के अधीन अलाभकारी है। इससे शिक्षकों, कर्मचारियों और अधिकारियों में नाराजगी है। पुरानी पेंशन प्रणाली की बहाली को लेकर पूरे देश में शिक्षक अटेवा के बैनर तले आंदोलित हैं। इस व्यवस्था से लगभग 3 करोड़ 50 लाख लोग प्रभावित हैं। उनका आरोप था कि केंद्र सरकार द्वारा किए जा रहे निजीकरण से काफी संख्या में लोगों को नौकरियों से हाथ धोना पड़ रहा है। ठेका प्रणाली से कार्य कराए जाने से कर्मचारियों का शोषण हो रहा है। शिक्षकों ने पूर्व सांसद से अनुरोध किया कि वे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर समस्या से अवगत कराएं। इसके साथ ही पार्टी के एजेंडे में शामिल कराएं। इस दौरान ब्लाक अध्यक्ष महेंद्र यादव, सुभाष चंद यादव, बृजनाथ यादव, संतोष कुमार, अखिलेश यादव, सौरभ यादव, मेवालाल यादव, ब्रजेश, सुरेंद्र सिंह, राम उजागिर, दीपक, रतिभान, धर्मेंद्र, चंद्र मोहन, राजेन्द्र, विनोद यादव, केशव, सुरेंद्र यादव आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें