दूसरी बार भी सुनवाई में आजमगढ़ की शिक्षिका शैला देवी अनुपस्थित रहीं। बीएसए ने उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा। कुछ माह बाद शिक्षिका ने बीएसए को पत्र भेजा जिसमें लिखा था कि ‘मैं प्राथमिक विद्यालय जमदहां शिक्षा क्षेत्र पल्हनी में प्रधानाध्यापक के पद पर कार्यरत हूं। मुझे टीबी की बीमारी है।
मैं काफी कमजोर हो गई हूं। डाक्टर ने मुझे बेडरेस्ट करने की सलाह दी है। मैं अपनी अस्वस्थता के कारण सेवा से त्यागपत्र दे रही हूं।’ बीएसए अंबरीष कुमार ने शिक्षिका का त्यागपत्र अस्वीकार करते हुए उसे बर्खास्त कर दिया।
एक ही पैन कार्ड दो जिलों में अलग-अलग बैंक खातों में प्रयुक्त हो रहे थे। जांच की गई तो पता चला कि जो पैन कार्ड मऊ जिले में कार्यरत शैला देवी के खाते में प्रयोग हो रहा है वही आजमगढ़ में भी कार्यरत शैला देवी के बैंक खाते में प्रयुक्त हो रहा है। जांच की गई तो आजमगढ़ की शैला देवी के दस्तावेज फर्जी निकले। इसी के आधार पर उन्हें बर्खास्त करते हुए संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी को एफआईआर व आहरित राशि की रिकवरी करने का निर्देश दिया गया है।
अंबरीष कुमार, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, आजमगढ़।