वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से मिलकर लौटता सपा का प्रतिनिधिमंडल। श्रोत-पार्टी
- फोटो : हरिहरपुररानी गांव में लगी आग से जलता घर।
आजमगढ़। मेंहनगर में झंडा विवाद और दलित उत्पीड़न के आरोपों को लेकर सपा का प्रतिनिधिमंडल शुक्रवार को एसपी से मिला और निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस पर पक्षपात करने का आरोप लगाते हुए कहा कि अनुसूचित जाति के लोगों को आरोपी बनाया जा रहा है।
जिलाध्यक्ष हवलदार यादव ने बताया कि 13 अप्रैल को मेंहनगर थाना क्षेत्र में कुछ युवक राष्ट्रीय ध्वज के साथ बाबा साहब का झंडा लगा रहे थे। इसी दौरान कुछ लोगों ने वहां पहुंचकर राष्ट्रीय ध्वज और बाबा साहब के झंडे को उखाड़कर फाड़ दिया।
विरोध करने पर दलित समाज के लोगों को जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया गया और मारपीट भी की गई। पीड़ित पक्ष की तहरीर लेने के बजाय पुलिस ने दूसरे पक्ष से मिलकर पीड़ितों को ही आक्रामक दिखाते हुए रिपोर्ट दर्ज कर दी, जबकि असली आरोपियों को बचाया जा रहा है। हवलदार यादव ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने एसपी को घटना से जुड़ा वीडियो भी दिखाया।
उन्होंने मांग की कि अनुसूचित जाति के लोगों की ओर से दी गई तहरीर पर भी प्राथमिकी दर्ज की जाए। बताया कि एसपी ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और साक्ष्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।