आजमगढ़। जिला कारागार में चोरी के आरोप में बंद विक्रम (24) निवासी मऊ के दोहरीघाट नया चौक की बृहस्पतिवार की रात में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतक विक्रम के भाई विक्की ने जेल प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाते हुए मामले की जांच की मांग की है। विक्रम के खिलाफ जीयनपुर थाने में चोरी की प्राथमिकी दर्ज है। वह पहले भी जेल जा चुका था। बाद में जमानत पर रिहा हो गया था। मुकदमे की सुनवाई के दौरान नियमित रूप से अदालत में पेश नहीं होने पर न्यायालय ने उसके खिलाफ वारंट जारी किया था। इसके बाद जीयनपुर पुलिस ने तीन दिन पहले उसे घर से गिरफ्तार करके न्यायिक अभिरक्षा में जिला कारागार भेज दिया था।
जेलर विजय कुमार पांडेय ने बताया कि विक्रम नशे का आदी था। उसे डाउन सिंड्रोम नामक बीमारी के लक्षण थे। जेल में नशा नहीं मिलने के कारण वह बेचैन रहता था। उसे किसी बात को लेकर भ्रम की स्थिति भी थी। बृहस्पतिवार की दोपहर लगभग डेढ़ बजे उसकी तबीयत बिगड़ गई। जेल चिकित्सक की ओर से रेफर किए जाने पर उसे कारागार पुलिस की अभिरक्षा में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां रात लगभग साढ़े आठ बजे उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक के मौत की सूचना उसके परिजनों को दे दी गई।
मृतक के भाई विक्की ने जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उसका कहना है कि गिरफ्तारी के समय विक्रम स्वस्थ था। तीन दिन में उसकी हालत इतनी गंभीर कैसे हो गई। संवाद