मुबारकपुर पुलिस ने फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनाने के मामले में नगर पालिका परिषद मुबारकपुर के आउटसोर्स कर्मचारी खुर्शीद निवासी पूरारानी को रोडवेज तिराहे से मंगलवार को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि कर्मचारी ने फर्जी डिजिटल हस्ताक्षरों का इस्तेमाल करके कूटरचित जन्म प्रमाण पत्र तैयार किया था। इसका उपयोग राशन कार्ड एवं अन्य सरकारी दस्तावेजों में नाम दर्ज कराने के लिए किया जाना था।
थाना प्रभारी शशिचंद्र चौधरी ने बताया कि नगर पालिका परिषद मुबारकपुर के जन्म एवं मृत्यु प्रभारी रणविजय सिंह की तहरीर पर 12 जुलाई को मुबारकपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। आरोप था कि मोहम्मद रउफ के नाम से जारी जन्म प्रमाण पत्र नगर पालिका परिषद की ओर से जारी नहीं किया गया है। उस प्रमाण पत्र पर कर्मचारी और अधिशासी अधिकारी के फर्जी डिजिटल हस्ताक्षर अंकित हैं। जो कूटरचित हैं। विवेचना के दौरान संकलित साक्ष्यों और वायरल ऑडियो की जांच में पता चला कि विदेश में रह रहे मोहम्मद नईम ने अपने बेटे का जन्म प्रमाण पत्र बनवाने के लिए अपने भतीजे अब्दुल करीम से कहा था। भतीजे ने नगर पालिका के आउटसोर्स कर्मचारी खुर्शीद से उसका संपर्क कराया था। आरोप है कि खुर्शीद ने आवश्यक दस्तावेज और धनराशि लेकर जन्म प्रमाण पत्र तैयार करके उपलब्ध कराया था। पूछताछ में आरोपी ने रुपये के लालच में फर्जी एवं कूट रचित जन्म प्रमाण पत्र तैयार करने की बात स्वीकार की है। पुलिस मामले में अन्य आरोपियों के संलिप्तता की जांच कर रही है।
वायरल ऑडियो बना अहम सबूत
थाना प्रभारी शशिचंद्र चौधरी ने बताया कि विवेचना के दौरान पुलिस ने वायरल ऑडियो और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की। जांच में पुष्टि हुई कि नगर पालिका के आउटसोर्स कर्मचारी खुर्शीद ने फर्जी डिजिटल हस्ताक्षर का इस्तेमाल करके जन्म प्रमाण पत्र तैयार किया था।