आजमगढ़। शासन की ओर से ग्राम पंचायतों में योजनावार खाते खोलने के निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत ग्राम पंचायतों में केंद्रीय वित्त, 15वें वित्त, राज्य वित्त पंचायत भवन आदि के नाम से योजनावार संयुक्त खाते खोले जाएंगे। इसमें शासन की ओर से पीएफएमएस प्रणाली से धनराशि का स्थानांतरण किया जाएगा। इससे जहां निगरानी अच्छे से की जा सकेगी वहीं मैपिंग में भी आसानी होगी। प्रधान और सचिव संयुक्त रूप से खाते से धनराशि निकालकर खर्च करेंगे। इससे कामों में पारदर्शिता बनी रहेगी।
गांवों में विकास कार्य पहले ग्राम निधि के खाते से कराए जाते थे। एक खाता होने के कारण ये जानना मुश्किल होता था कि कौन सी योजना की कितनी धनराशि आई है और कितनी बची है। इसके लिए काफी माथापच्ची करनी पड़ती थी। नई योजना के तहत राज्य वित्त, 15वां वित्त, पंचायत भवन और अंत्येष्टि स्थल आदि के नाम से अलग-अलग खाते होंगे। जिस योजना का धन होगा उसी खाते में आएगा। डीपीआरओ लालजी दुबे ने बताया कि जनपद की कुल 1871 ग्राम पंचायतों में सभी पुराने खातों को बंद कर नया खाता खुलवाया जा जाएगा और इसकी मैपिंग भी कराई जाएगी। सभी खातों को पीएफएमएस से जोड़ा जाएगा। इन खातों में योजनावार शासन की ओर से सीधे धनराशि भेजी जाएगी।
शासन की ओर से योजनावार सीधे धनराशि भेजने के निर्देश दिए गए हैं। इस पर दिल्ली से भी सीधे नजर रखी जा सकेगी। कार्यों में पारदर्शिता आएगी। - राम जियावन, उपनिदेशक पंचायत