रोडवेज स्थित एक बैंक्विट हाल में आयोजित अंतराष्ट्रीय भेजपुरी संगोष्ठी में गायक उमेंश सिंह राठौ?
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आजमगढ़। मॉरीशस से आए विश्व हिंदी सचिवालय के सेक्रेटरी प्रो. विनोद कुमार मिश्र ने कहा की मॉरीशस में मिनी भारत बसता है। लोग भोजपुरी बोलते हैं। उन्होंने कहा कि भोजपुरी फिल्म और लोक संगीत में अश्लीलता परोसने वालों का दर्शकों को बहिष्कार करना होगा। ये बातें राष्ट्रीय कला सेवा संस्थान की ओर से आयोजित अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी संगम ‘भोजपुरी फिल्म एवं लोक संगीत से भोजपुरी वासियों का सरोकार’ में प्रो. विनोद मिश्र ने कहीं।
मुख्य अतिथि संस्थान अध्यक्ष डॉ. निर्मल श्रीवास्तव ने कहा कि हम पूर्वांचल वासी भोजपुरिया लोग हैं। भोजपुरी कला संस्कृति को बढ़ाने में हमसे जो भी मदद होगी हम करेंगे। साहित्यकार डॉ. कन्हैया सिंह ने कहा कि हम भारतीय ही अपनी भाषा को अंग्रेजी मानसिकता के नाते कई प्रकार के नाटक करते रहते हैं। हमेशा हम हिंदी को राष्ट्रभाषा के काल्पनिक पचड़े में उलझा कर रखना चाहते हैं। हिंदी के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. शशि भूषण प्रशांत ने कहा कि हमारी राजभाषा हिंदी है और मातृभाषा भोजपुरी। हम अपने नाटकों में भी अश्लीलता शब्द को स्वीकार नहीं करते थे। आज भोजपुरी फिल्मों एवं लोक संगीत के भावों को ऐसा तोड़ मरोड़ करके परोसते हैं कि अश्लीलता नजर आती है। डॉ. द्विजराम यादव ने कहा कि भोजपुरी फिल्म व लोक संगीत के स्वरूप को बिगाड़ने वाले लोगों का बहिष्कार करना चाहिए। संयोजक अरविंद चित्रांश, दुर्गा प्रसाद अस्थाना, नित्यानंद मिश्रा, एसके सत्येन, विभव श्रीवास्तव, निरंकार प्रसाद श्रीवास्तव, डॉ. बजरंग त्रिपाठी, प्रवीण कुमार सिंह, ईश्वर चंद्र त्रिपाठी, डॉ. रविंद्र अस्थाना, डॉ. बसर, मैकस आजमी, प्रणीत श्रीवास्तव, नंद कुमार बरनवाल, अर्चना बरनवाल, डॉ. मनिंदर कुमार सिंह थे।