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एसपी आफिस के सामने फांसी लगाकर दी जान

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आजमगढ़। एसपी आफिस के ठीक सामने स्थित कुंवर सिंह उद्यान में लगे टिनशेड में मंगलवार की रात वृद्ध हलवाई घनश्याम गुप्ता ने फांसी लगाकर जान दे दी। बुधवार सुबह पार्क में टहलने गए लोगों ने लाश देखी। शहर कोतवाली पुलिस ने लाश की शिनाख्त के बाद उसके घर वालों को सूचना दी और लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेजवा दिया। घटना का कारण पारिवारिक विवाद बताया जा रहा।
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शहर कोतवाली क्षेत्र के मातबरगंज मुहल्ला निवासी घनश्याम गुप्ता (60) हलवाई का काम करता था। बीते कुछ दिनों से उसके घर में किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। इससे वह काफी परेशान था और दो माह से घर भी नहीं जाता था। जिस होटल में वह काम करता था वहीं रहता भी था। मंगलवार की रात को वह घूमते हुए एसपी आफिस के सामने कुंवर सिंह उद्यान में पहुंचा। वहां लगे टिनशेट में रस्सी के फं दे के सहारे लटककर जान दे दी। बुधवार की सुबह पार्क में लाश लटकती देख सुबह टहलने पहुंचने लोगों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर शहर कोतवाल सहित पुलिस भी पहुंच गई। घनश्याम की पहचान उसकी जेब से मिली पासबुक से हुई। वह तीन बेटे और एक बेटी का पिता था। शहर कोतवाल अनिल सिंह ने बताया कि लाश पोस्टमार्टम के लिए भेजवा दी गई है। घटना के कारण का पता लगाया जा रहा है।
आजमगढ़। एसपी आफिस के ठीक सामने कुंवर सिंह उद्यान जो कि हाई सुरक्षा जोन में आजा है वहां वृद्ध के फांसी लगाने से ना केवल सुरक्षा व्यवस्था की पोल खुल गई, बल्कि यह भी साबित हो गया कि सरकारी दफ्तरों की सुरक्षा को प्रति अधिकारी और कर्मचारी कितने सक्रिय हैं। जिस स्थान पर घनश्याम ने फांसी लगाई वह जिले के सभी बड़े आलाधिकारियों के दफ्तर के बीच में है। योध्या विवाद पर आए कोर्ट के फैसले को लेकर डीजीपी ने 15 दिसंबर तक दिन और रात गश्त तेज करने का निर्देश दिया है। बावजूद इसके पुलिस सतर्कता की भी पोल खुल गई।
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कुंवर सिंह उद्यान शहर का सबसे बड़ा उद्यान है। इससे सटे उत्तर तरफ विकास भवन है, तो पश्चिम के कोने पर नजर पालिका की आफिस है। जबकि दक्षिण तरफ एसपी आफिस और इसके ठीक पीछे सटा हुआ डीएम कार्यालय है। जिले के इन आलाधिकारियों के आफिस में तमाम महत्वपूर्ण अभिलेख और उपकरण आदि रखे हुए हैं। बावजूद इसके यहां की सुरक्षा व्यवस्था भगवान भरोसे रहती है। इतना ही नहीं इन दफ्तरों में भले ही दिन भर लोगों की भीड़ रहती है, लेकिन सूर्यास्त के बाद यह अंधेरा छा जाता है। इसके अलावा यदि इन सरकारी दफ्तरों में रात के समय गार्ड भी तैनात किए जाते हैं, तो क्या रात के समय गार्डों की नजर घनश्याम पर नहीं पड़ी। लोग सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठा रहे हैं।
वहीं बुधवार की सुबह ही पार्क में योगा स्थल के पास टीनशेड में फांसी लगाकर घनश्याम के आत्महत्या करने से ज्यादातर लोग भयभीत हो गए और बगैर योगा किए ही घर चले गए। इस घटना के बाद लोगों में भय और दहशत का माहौल है।
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