शराब की दूकान बंद कराने को लेकर प्रदर्शन करते ग्रामीण।
लाटघाट(आजमगढ़)। जहरीली शराब पीने से लोगों के बीमार होने का सिलसिला थम नहीं रहा है। रविवार की रात और सोमवार की सुबह चार नए मरीज जिला अस्पताल में लाए गए। हालत गंभीर देख डाक्टर ने सभी को वाराणसी रेफर कर दिया। इनमें एक मरीज को उसके घरवालों ने शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया है। मामले में पुलिस ने सोमवार की शाम अवैध शराब के दो बड़े कारोबारियों को उठा लिया है जिनसे गुप्त स्थान पर पूछताछ की जा रही है। उधर, अजमतगढ़ में कस्बे की महिलाओं ने पूरी तरह से शराब बंदी के लिए सोमवार को आवाज बुलंद की तो अहरौला ब्लॉक के भुजबल बस्ती के ग्रामीणों ने स्कूल और मंदिर के सामने से शराब की दूकान हटाने के लिए प्रदर्शन किया।
जहरीली शराब पीने से रौनापार और जीयनपुर क्षेत्र में कुल 28 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 18 लोग अस्पतालों में भर्ती हैं। रविवार को जो नए मरीज सामने आए उसमें जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र के चौके खुर्द गांव निवासी तिलकधारी (43), विनीत (50), मोती (60) और खांड़ गांव निवासी चंद्रभूषण (35) शामिल हैं। चारों ने अपने गांव में ही कच्ची शराब खरीदकर पी थी। घर आने के बाद पेट में तेज दर्द, उल्टी शुरू हो गई। तबियत खराब होने पर परिवार के लोगों ने रात में ही सीएचसी अजमतगढ़ में भर्ती कराया। जहां से डाक्टर ने सभी को जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। बाद में जिला अस्पताल के डाक्टर ने भी सभी को वाराणसी रेफर कर दिया। इनमें चंद्रभूषण का इलाज शहर के एक निजी अस्पताल में चल रहा है।