आजमगढ़। शीतलहर और कोहरे के बीच लोगों ने नए साल का स्वागत किया। शुक्रवार को जनपद का अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोहरे के कारण सड़कों पर वाहन की रफ्तार थम गई। गलन और कोहरे के कारण सुबह 10 फीट की दूरी तक भी दृश्यता नहीं रही। दोपहर बाद धूप जरूर हुई लेकिन शीलहरी कायम रही।
साल के अंतिम दिन शुक्रवार की सुबह कोहरा घिरा रहा। कोहरे के कारण दिन में भी वाहन चालक लाइट जलाकर चलते देखे गए। सुबह नौ बजे जब धूप हुई तो कोहरा छटा। लेकिन कुछ देर बाद फिर से कुहासा छा गया। में ही सूर्य फिर बादलों की ओट में छिप गया। पूरे दिन सूर्य की बादलों के साथ अठखेली जारी रही। वहीं, शाम को दिन ढलने के बाद गलन काफी बढ़ गई।
किसानों को आलू में पाला लगने की सता रही चिंता: कोहरा और गलन शुरू होते ही किसानों को अपने आलू की फसल में पाला लगने की चिंता सताने लगी है। किसान हरिश्चंद्र प्रजापति, प्रेमचंद राय, साधू यादव आदि ने बताया कि अगर इसी तरह का मौसम रहा तो सबसे ज्यादा नुकसान आलू और सरसों की फसल को होगा।
इस बाबत जिला कृषि अधिकारी गगनदीप सिंह ने कहा कि वर्तमान मौसम गेहूं की फसलों के लिए अनुकूल है। लेकिन इसका आलू और सरसों की फसलों को नुकसान हो सकता है। आलू की फसलों में पाला और झुलसा रोग की संभावना बढ़ जाती है। वहीं सरसों की फसलों में माहो कीटों का प्रकोप हो सकता है।