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Azamgarh News: बाढ़ छोड़ गई तबाही के निशान, संपर्क मार्ग और पुलिया क्षतिग्रस्त

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सगड़ी तहसील क्षेत्र में सरयू नदी की बाढ़ का पानी उतरने के बाद ग्रामीणों के सामने नई समस्याएं खड़ी हो गई हैं। बाढ़ के तेज बहाव में हाजीपुर ग्राम पंचायत के चक्की हाजीपुर से हाजीपुर-गोला जाने वाला संपर्क मार्ग कई जगह क्षतिग्रस्त हो गया है।
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वहीं, देवारा खास राजा में करीब साढ़े चार लाख रुपये की लागत से बनी पुलिया भी बाढ़ के दबाव में बह गई। इससे महाबल का पुरवा के लोगों को आवागमन के लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है। अभी तक प्रभावित गांवों तक प्रशासन नहीं पहुंचा है।
ग्रामीणों के अनुसार, बाढ़ के पानी ने कई स्थानों पर चकमार्गों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया है। 22 अगस्त को देवारा खास राजा के महाबल के पुरवा में बनी पुलिया सरयू नदी में बाढ़ के दबाव में बह गई थी।
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पुलिया के स्थान पर अभी भी पानी भरा हुआ है और वहां काफी गहराई हो गई है। ऐसे में ग्रामीणों को प्राथमिक विद्यालय देवारा खास राजा होते हुए हाजीपुर-गोला पुल संपर्क मार्ग से गोला की ओर जाना पड़ रहा है।
विनोद राय, गुलाब यादव, भीमराज साहनी, अमीर चंद्र, महारे, ओमप्रकाश, विनय, विनय राम, फिरतू और मिठाई गोड़ आदि ग्रामीणों का कहना है कि बाढ़ का पानी उतरने के बाद भी अब तक क्षतिग्रस्त मार्गों और पुलिया की मरम्मत का काम शुरू नहीं कराया गया है।
गांवों में संबंधित कर्मचारियों के नहीं पहुंचने से ग्रामीणों में आक्रोश है। उनका कहना है कि क्षतिग्रस्त मार्गों के कारण आवागमन में परेशानी हो रही है और जल्द मरम्मत नहीं होने पर समस्या और बढ़ सकती है।

पानी भरा होने से बढ़ा मच्छरों का प्रकोप
सरयू नदी की बाढ़ से चक्की हाजीपुर, देवारा खास राजा, साहडीह, सोनौरा, बांका, बुढ़न पट्टी, मानिकपुर, अभन पट्टी, भदौरा, मकरंद, आराजी देवारा नैनिजोर, हैदराबाद, इस्माइलपुर और रोशनगंज समेत कई गांव प्रभावित हुए हैं। बाढ़ का पानी उतरने के बाद जगह-जगह जलभराव बना हुआ है। इससे गांवों में मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है। ग्रामीणों ने जलभराव वाले स्थानों पर दवा का छिड़काव कराने के साथ ही गांवों में नियमित सफाई कराने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते मच्छररोधी दवा का छिड़काव नहीं कराया गया तो बारिश के बाद संक्रमण और बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।

गांव में जगह-जगह बाढ़ का पानी जमा है। मच्छरों का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। दवा का छिड़काव नहीं होने से मलेरिया और टाइफाइड के मरीज बढ़ रहे हैं। बच्चों और बुजुर्गों के बीमार होने की संख्या अधिक है। -गुलाब यादव, आराजी देवारा नैनिजोर।

इस्माइलपुर, रोशनगंज, हैदराबाद सहित कई गांवों में अभी तक अधिकारी-कर्मचारी नहीं पहुंचे हैं। न ही दवा का छिड़काव कराया गया है। इससे ग्रामीणों में बीमारी फैलने की आशंका बनी हुई है। -मटरू यादव, इस्माइलपुर।
वर्जन
बाढ़ का पानी समाप्त होते ही सभी विभागों की एक समन्वय बैठक बुलाई जाएगी। निचले स्तर पर या जहां भी संपर्क मार्ग क्षतिग्रस्त हुए हैं, वहां संबंधित विभाग को सही करने के लिए कहा जाएगा और जो भी समस्याएं हैं, उनके तत्काल निपटारे के लिए पत्र जारी किया जाएगा। -संजीव कुमार राय, एसडीएम सगड़ी।
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