पितृ विसर्जन पर शनिवार को भूलनडीह स्थित प्राथमिक विद्यालय परिसर में श्रीश्री 1000 बारी के डीह बाबा के स्थान पर एक दिवसीय सनातन दंगल कुश्ती प्रतियोगिता और मेले का आयोजन किया गया।
इसमें आजमगढ़, जौनपुर, गाजीपुर, सैदपुर और वाराणसी समेत विभिन्न क्षेत्रों से आए 54 पहलवानों ने दमखम दिखाया। फाइनल मुकाबले में चार दौर तक जोर आजमाइश के बाद भी कोई पहलवान दूसरे को चित नहीं कर सका। मुकाबला बराबरी पर छूटा।
दंगल का शुभारंभ भाजपा नेता एवं पूर्व विधायक आजाद अरिमरदन उर्फ पप्पू ने किया। फाइनल मुकाबला जौनपुर के धर्मापुर निवासी पहलवान केसरी राजबहादुर और गढ़वारेबीर के पहलवान मोनू के बीच हुआ।
दोनों पहलवानों ने पांच-पांच मिनट के चार दौर में एक-दूसरे को पछाड़ने की भरपूर कोशिश की, लेकिन कोई सफल नहीं हुआ। मुकाबले के दौरान दर्शकों ने तालियां बजाकर पहलवानों का उत्साह बढ़ाया।
दंगल और मेले में जिवली, पिछौरा, खजुरा, राजागंज, बड़गहन और बरदह समेत आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। महिलाओं और युवतियों ने सौंदर्य प्रसाधन की दुकानों पर खरीदारी की, जबकि बच्चों ने झूलों का आनंद लिया।
लोगों ने जलेबी समेत अन्य खाद्य पदार्थों का स्वाद भी चखा। मेले में दिनभर चहल-पहल बनी रही। प्रतियोगिता में डॉ. रामधीन और सुभाष यादव ने रेफरी की भूमिका निभाई।
इस दौरान समिति अध्यक्ष राजबहादुर उपाध्याय, रणजीत राय, कोषाध्यक्ष रजनीश राय, महाराजचंद्र, गुलशन कुमार, पप्पू, दीपचंद्र, अमित बिंद, संदीप कुमार, गौतम, दारा राम आदि मौजूद रहे।