आजमगढ़। प्रोजेक्ट अलंकार योजना के अंतर्गत अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक संस्कृत विद्यालयों के जीर्णोद्धार एवं अवस्थापना विकास कार्यों में लापरवाही बरतने के आरोप में जिला विद्यालय निरीक्षक, आजमगढ़ (अतिरिक्त प्रभार) मनोज कुमार से स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
शिक्षा निदेशक (माध्यमिक) की आख्या के अनुसार शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजना के तहत एक विद्यालय के लिए 9.50 लाख रुपये की धनराशि आवंटित की गई थी। निदेशालय द्वारा बार-बार निर्देश और गूगल मीट के माध्यम से अनुस्मारक दिए जाने के बावजूद संबंधित विद्यालय का उपभोग प्रमाण पत्र उपलब्ध नहीं कराया गया, जिसके चलते शासन से द्वितीय किश्त की मांग नहीं की जा सकी। शासन ने इसे घोर उदासीनता एवं लापरवाही मानते हुए उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली-1999 के तहत नोटिस जारी कर 15 दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है। निर्धारित समयावधि में उत्तर न मिलने पर गुण-दोष के आधार पर अग्रिम कार्रवाई किए जाने की चेतावनी दी गई है। डीआईओएस मनोज कुमार ने बताया कि